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Gurugram News: कंपनी ने कर दी थी सिम बंद,अब मुआवजे देने के साथ करनी होगी शुरू
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उपभोक्ता आयोग से
बिना कारण बताए अचानक किया था सिम बंद
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। वोडाफोन को अचानक से बिना कारण दिए उपभोक्ता की सिम बंद करना भारी पड़ गया। उपभोक्ता आयोग ने वोडाफोन कंपनी को आदेश दिया है कि कि उपभोक्ता को मुआवजा देने के साथ ही सिम शुरू करनी होगी। यह आदेश जिला उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग के अध्यक्ष संजीव जिंदल ने दिया है।
इंद्रा पूरी निवासी राम बिलास ने आयोग में दायर की याचिका में बताया कि वह 2016 से वोडाफोन का नंबर का इस्तेमाल कर रहे थे। 22 मार्च 2021 की दोपहर को अचानक से उनका नंबर बंद हो गया। अगले दिन वह वोडाफोन के स्टोर पर गए। वहां पर उनसे 100 रुपये लेने के साथ ही एक फार्म भरवाया गया और आश्वासन दिया गया कि उनका नंबर दो से चार घंटे में चल जाएगा लेकिन नहीं नहीं चला। इसके बाद उन्होंने उपभोक्ता आयोग में इसकी शिकायत दी।
आयोग ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद माना कि कंपनी की तरफ से ऐसी कोई भी दलील नहीं दी गई जिससे माना जाए कि उनकी तरफ से सिम बंद करने का काम ठीक हो। आयोग ने कंपनी को आदेश दिया है कि वह 45 दिन में शिकायतकर्ता की सिम को फिर से उनके नाम पर शुरू की जाए। इस दौरान उन्हें हुई मानसिक परेशानी होने पर 15 हजार रुपये का मुआवजा और कानूनी प्रक्रिया पर हुए खर्च के लिए 11 हजार रुपये देने का आदेश दिया है।
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बिना कारण बताए अचानक किया था सिम बंद
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। वोडाफोन को अचानक से बिना कारण दिए उपभोक्ता की सिम बंद करना भारी पड़ गया। उपभोक्ता आयोग ने वोडाफोन कंपनी को आदेश दिया है कि कि उपभोक्ता को मुआवजा देने के साथ ही सिम शुरू करनी होगी। यह आदेश जिला उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग के अध्यक्ष संजीव जिंदल ने दिया है।
इंद्रा पूरी निवासी राम बिलास ने आयोग में दायर की याचिका में बताया कि वह 2016 से वोडाफोन का नंबर का इस्तेमाल कर रहे थे। 22 मार्च 2021 की दोपहर को अचानक से उनका नंबर बंद हो गया। अगले दिन वह वोडाफोन के स्टोर पर गए। वहां पर उनसे 100 रुपये लेने के साथ ही एक फार्म भरवाया गया और आश्वासन दिया गया कि उनका नंबर दो से चार घंटे में चल जाएगा लेकिन नहीं नहीं चला। इसके बाद उन्होंने उपभोक्ता आयोग में इसकी शिकायत दी।
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आयोग ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद माना कि कंपनी की तरफ से ऐसी कोई भी दलील नहीं दी गई जिससे माना जाए कि उनकी तरफ से सिम बंद करने का काम ठीक हो। आयोग ने कंपनी को आदेश दिया है कि वह 45 दिन में शिकायतकर्ता की सिम को फिर से उनके नाम पर शुरू की जाए। इस दौरान उन्हें हुई मानसिक परेशानी होने पर 15 हजार रुपये का मुआवजा और कानूनी प्रक्रिया पर हुए खर्च के लिए 11 हजार रुपये देने का आदेश दिया है।
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