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आईटीसी भौंडसी

Tue, 19 Jul 2022 11:18 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Tue, 19 Jul 2022 11:18 PM IST
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Chief Minister made 14 services related to arms license online
गुरुग्राम। मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने मंगलवार को पुलिस क्षेत्रीय प्रशिक्षण केंद्र (आरटीसी) भोंडसी के ऑडिटोरियम से प्रदेश भर में प्रथम चरण में शस्त्र लाइसेंस से जुड़ी 14 डिजिटल सेवाओं का रिमोट से बटन दबाकर विधिवत शुभारंभ किया। इसके साथ ही उन्होंने प्रदेश में 6 अस्त्र-शस्त्र प्रशिक्षण केंद्रों का भी लोकार्पण किया। शस्त्र लाइसेंस के लिए अब लोगों को अधिकारियों के कार्यालय का चक्कर नहीं लगाना होगा। सरल केन्द्र से 2100 रुपया खर्च करने पर 25 दिन के भीतर जरुरतमंद के हाथ में शस्त्र लाइसेंस होगा।
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मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले 7 साल से गर्वनेंस का हर काम तकनीक के माध्यम से करने के प्रयास किए जा रहे हैं। शासन से नागरिकों की संतुष्टि होनी चाहिए इसलिए तकनीक के प्रयोग से शासन को प्रभावी बनाने की दिशा में काम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि शुरू की गई सेवाओं के लिए पहले एक फ्लो चार्ट बनाया गया जिसमें पाया गया कि शस्त्र लाइसेंस के लिए आवेदन से लेकर लाइसेंस बनने तक की पूरी प्रक्रिया 25 दिन में पूरी हो सकती है और सेवा के अधिकार अधिनियम के अनुसार उसकी अपील का समय भी कम किया जा सकता है जोकि वर्तमान में 60 दिन का है।
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उन्होंने कहा कि शस्त्र लाइसेंस बनवाने की प्रक्रिया में भ्रष्टाचार के आरोप लगते रहे हैं। ऑनलाइन सुविधा शुरू होने से अब लोगों को पारदर्शी, समयबद्ध और बिना पर्ची -बिना खर्ची के लाइसेंस बनवाने की सुविधा मिलेगी। उन्होंने कहा कि लोगों को अब शस्त्र लाइसेंस बनवाने के लिए केवल 2100 रुपए खर्च करने होंगे जिनमें से 1500 रुपए प्रशिक्षण के, 500 रुपये आवेदन के और 100 रुपए अटल सेवा केंद्र के माध्यम से अप्लाई करने में लगेंगे। उन्होंने कहा कि अब इन सेवाओं के लिए व्यक्ति को 2100 रुपये से एक भी रुपया अधिक खर्च नहीं करना पड़ेगा।
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कार्यक्रम में ऑनलाइन माध्यम से जुड़े प्रदेश के गृह मंत्री अनिल विज ने अपने संबोधन में कहा कि शस्त्र लाइसेंस को लेकर लोगों में सदैव एक असमंजस की स्थिति बनी रहती थी जिसमें आवेदक को अपने आवेदन की वास्तविक स्थिति की जानकारी प्राप्त करने के लिए काफी परेशानी उठानी पड़ती थी लेकिन अब एनआईसी, नागरिक संसाधन सूचना विभाग व पुलिस विभाग द्वारा संयुक्त प्रयासों से शुरू हुई इस ऑनलाइन सेवा में शस्त्र लाइसेंस से जुड़ी प्रक्रिया व सूचना आदि के कार्यों को शामिल किया गया है।
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