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निगम को न वाई-फाई सुविधा मिली, न लगे सीसीटीवी
अमर उजाला ब्यूरो /गाजियाबाद
Updated Mon, 20 Jun 2016 01:29 AM IST
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शो रूम प्रबंधक ने इस सीसीटीवी की फुटेज को सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया है
- फोटो : Demo pic
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प्राइवेट फोर-जी मोबाइल नेटवर्क कंपनी ने सपने दिखाकर नगर निगम से सैकड़ों की संख्या में टावर लगाने की अनुमति ले ली, लेकिन सुविधाएं नहीं दीं। नगर निगम को न तो फ्री वाई-फाई की सुविधा मिली और न ही सर्विलांस के लिए टावरों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए। अब नगर निगम खुद को ठगा महसूस कर रहा है। निगम कार्यकारिणी समिति के उपाध्यक्ष और पार्षद इस मामले को कार्यकारिणी समिति की बैठक में उठाएंगे।
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फर्म ने एग्रीमेंट में निगम के सभी जोनल कार्यालयों में मुफ्त वाई-फाई सुविधा देने, पुलिस को सर्विलांस में मदद करने के लिए सभी टावरों पर बेहतर क्वालिटी के सीसीटीवी कैमरे लगाने का दावा किया था।
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शहर की जनता के लिए चार बड़े पार्कों को डेवलप करने का भी एग्रीमेंट किया था। इस प्राइवेट कंपनी ने टावर लगाने और फाइबर केबल बिछाने के लिए शहर की अधिकांश सड़कें खोद डाली। पिट बना दी गई और टावर भी खड़े कर दिए गए, लेकिन निगम को न तो किराया दिया और अब न ही वाई-फाई और कैमरे लगाकर सुविधाएं दीं।
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इस मामले पर पूर्व में निगम पार्षद सदन में हंगामा भी कर चुके थे, लेकिन अफसरों ने कंपनी को सपोर्ट किया। अब निगम पार्षद और कार्यकारिणी समिति के उपाध्यक्ष फिर इस मुद्दे पर कंपनी को घेरने की तैयारी कर रहे हैं।
फोर जी कंपनी ने किराया न जमा कर निगम को घाटा पहुंचाया। कंपनी को एग्रीमेंट की शर्तों के मुताबिक पार्कों का सौंदर्यीकरण, वाई-फाई और सीसीटीवी कैमरे लगाने होंगे वरना शहर में लगे फोर-जी टावरों को नगर निगम सील करेगा। - प्रवीन चौधरी, उपाध्यक्ष, कार्यकारिणी समिति
मेरे कार्यकाल से पूर्व में कंपनी से एग्रीमेंट हुआ था। फाइल को मंगाकर अवलोकन करूंगा। शर्तों का उल्लंघन किया गया होगा तो फर्म के खिलाफ निश्चित ही कार्रवाई की जाएगी। - अशु वर्मा, महापौर