{"_id":"579cf4604f1c1bfa1421e399","slug":"stp-will-be-near-city-forest","type":"story","status":"publish","title_hn":"सिटी फॉरेस्ट के पास बनेगा एसटीपी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सिटी फॉरेस्ट के पास बनेगा एसटीपी
ब्यूरो,अमर उजाला गाजियाबाद
Updated Sun, 31 Jul 2016 12:24 AM IST
विज्ञापन
एसटीपी
- फोटो : अमर उजाला
मोहननगर जोन की कालोनियों के लिए भी एसटीपी (सीवरेज ट्रीट्रमेंट प्लांट) बनेगा। नगर निगम और जल निगम मिलकर इसका निर्माण करेंगे। नगर निगम ने इसके लिए सिटी फॉरेस्ट के पास जमीन चिह्नित कर ली है।
इस जमीन की लोकेशन के आधार पर जल निगम एसटीपी के प्रोजेक्ट की डीपीआर तैयार कर शासन को भेजेगा। इस प्रोजेक्ट के लिए केंद्र सरकार से ‘अमृत’ योजना के तहत फंड मिलेगा।
फिलहाल मोहननगर जोन में एक भी एसटीपी नहीं है। जोन की सभी कालोनियों का पानी हिंडन में या साहिबाबाद ड्रेन के जरिए इंदिरापुरम एसटीपी तक ले जाया जा रहा है। जल निगम ने ’अमृत’ योजना से फंड लेकर 74 एमएलडी क्षमता का एसटीपी बनाने की प्लानिंग की है।
विज्ञापन
जमीन चिह्नित न होने की वजह से इसकी डीपीआर (डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट) तैयार नहीं हो पा रही थी। जल निगम के अधिकारियों ने नगर निगम से जमीन मांगी थी, ताकि उसकी लोकेशन के मुताबिक डीपीआर बनाई जा सके।
नगर निगम के संपत्ति विभाग ने करहेड़ा में सिटी फॉरेस्ट से सटी जमीन चिह्नित कर नगर आयुक्त को रिपोर्ट भेज दी है। निगम के संपत्ति अधिकारी एमपी सिंह ने बताया कि नगर आयुक्त से सहमति मिलने के बाद जमीन से संबंधित पत्र जल निगम को भेज दिया जाएगा।
यह कालोनियां जुड़ेंगी एसटीपी से
करहेड़ा, राजेंद्र नगर, राजीव कालोनी, अर्थला, संजय नगर, पसौंडा, श्यामपार्क मेन, श्यामपार्क एक्सटेंशन, शालीमार गार्डन, लाजपतनगर, भोपुरा, डिफेंस कालोनी, गरिमा गार्डन, जनकपुरी,
विज्ञापन
इस जमीन की लोकेशन के आधार पर जल निगम एसटीपी के प्रोजेक्ट की डीपीआर तैयार कर शासन को भेजेगा। इस प्रोजेक्ट के लिए केंद्र सरकार से ‘अमृत’ योजना के तहत फंड मिलेगा।
विज्ञापन
फिलहाल मोहननगर जोन में एक भी एसटीपी नहीं है। जोन की सभी कालोनियों का पानी हिंडन में या साहिबाबाद ड्रेन के जरिए इंदिरापुरम एसटीपी तक ले जाया जा रहा है। जल निगम ने ’अमृत’ योजना से फंड लेकर 74 एमएलडी क्षमता का एसटीपी बनाने की प्लानिंग की है।
विज्ञापन
जमीन चिह्नित न होने की वजह से इसकी डीपीआर (डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट) तैयार नहीं हो पा रही थी। जल निगम के अधिकारियों ने नगर निगम से जमीन मांगी थी, ताकि उसकी लोकेशन के मुताबिक डीपीआर बनाई जा सके।
नगर निगम के संपत्ति विभाग ने करहेड़ा में सिटी फॉरेस्ट से सटी जमीन चिह्नित कर नगर आयुक्त को रिपोर्ट भेज दी है। निगम के संपत्ति अधिकारी एमपी सिंह ने बताया कि नगर आयुक्त से सहमति मिलने के बाद जमीन से संबंधित पत्र जल निगम को भेज दिया जाएगा।
यह कालोनियां जुड़ेंगी एसटीपी से
करहेड़ा, राजेंद्र नगर, राजीव कालोनी, अर्थला, संजय नगर, पसौंडा, श्यामपार्क मेन, श्यामपार्क एक्सटेंशन, शालीमार गार्डन, लाजपतनगर, भोपुरा, डिफेंस कालोनी, गरिमा गार्डन, जनकपुरी,