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कुत्तों ने ढाई साल की मासूम को घर से खींचकर नोचा
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कुत्तों ने ढाई साल की मासूम को घर से खींचकर नोचा
हापुड़। गली मोहल्ले में घूमने वाले कुत्ते खूंखार हो रहे हैं। 26 जुलाई को आवास विकास में घर की दहलीज पर खेल रही ढाई वर्षीय मासूम कुत्तों के झुंड ने बाहर खींचकर नोच डाला। बच्ची की चीख सुन मोहल्ले के लोगों ने बच्ची को बचाया। इस घटना के बाद से बच्चों का गली में निकलना बंद हो गया है। ढाई साल की मासृूम के घाव तो भर रहे हैं, लेकिन वह दहशत में है। स्वास्थ्य विभाग के रिकार्ड के अनुसार जिले में सात महीने में 19600 लोगों को एंटी रैबीज वैक्सीन का डोज दिया गया है। यानी हर महीने औसतन 93 लोगों को कुत्तों या बंदरों ने काटा।
बुलंदशहर रोड निवासी लवी कुरैशी की ढाई वर्षीय बेटी आइजा 26 जुलाई को घर के दरवाजे पर खड़ी थी। परिवार के लोग घर में मेहमान आने के कारण व्यस्त थे। इसी दौरान कुत्तों का एक झुंड यहां पहुंच गया और बच्ची को खींच लिया। कुत्तों के हमले से मासूम बुरी तरह घायल हो गई, जिसे अस्पताल ले जाना पड़ा। बच्ची का इलाज अभी भी चल रहा है।
अवैध बूचड़खानों की वजह से खूंखार हुए कुत्ते
मोहल्ले के लोगों ने बताया कि आवास विकास से सिकंदर गेट की ओर पहले एक दीवार थी, जिसे कुछ लोगों ने तोड़ दिया।आसपास के अवैध बूचडख़ानों के बाहर मंडराने वाले कुत्ते इस टूटी दीवार की वजह से अंदर घुस आते हैं। यह कुत्ते बेहद खूंखार हैं।
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2018 के बाद से नहीं हुई कुत्तों की नसबंदी
हापुड़ नगर पालिका द्वारा कुत्तों की संख्या को काबू में करने के लिए वर्ष 2018 में नसबंदी का प्रस्ताव पास हुआ था। जिसके बाद शहर के 400 कुत्तों की नसबंदी हुई थी। इसके बाद अभियान को रोक दिया गया। इसके बाद से लगातार शहर के लोगों द्वारा अभियान चलाने की मांग उठ रही है।
मांगे हैं टेंडर
कुत्तों की समस्या से निजात के लिए एक बार फिर टेंडर डाले गए हैं, लेकिन अभी तक कोई टेंडर लेने के लिए नहीं आया है।-एसके गौतम, ईओ, नगर पालिका हापुड़।
एंटी रैबीज जरूर लगवाएं
मीट खाने वाले कुत्ते ऐसी घटनाएं करते हैं। ऐेसे क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को बच्चों का विशेष ध्यान रखना चाहिए। कुत्ते के काटने पर रेबीज के इंजेक्शन जरूर लगवा लें।-डॉ. प्रमोद कुमार, सीवीओ, हापुड़।
अस्पतालों में रेबीज की डोज पर्याप्त
बंदरों और कुत्ते काटने के मामले पिछले कुछ दिनों में बढ़े हैं। अस्पतालों में ऐसी मरीजों की संख्या बढ़ी है। जिले के अस्पतालों में रेबीज के इंजेक्शन की पर्याप्त मात्रा है।-डॉ रेखा शर्मा, सीएमओ, हापुड़।
वर्ष एंटी रेबीज की लगाई डोज
2021 19600 अभी तक
2000 36350
2019 33770
2018 29390
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हापुड़। गली मोहल्ले में घूमने वाले कुत्ते खूंखार हो रहे हैं। 26 जुलाई को आवास विकास में घर की दहलीज पर खेल रही ढाई वर्षीय मासूम कुत्तों के झुंड ने बाहर खींचकर नोच डाला। बच्ची की चीख सुन मोहल्ले के लोगों ने बच्ची को बचाया। इस घटना के बाद से बच्चों का गली में निकलना बंद हो गया है। ढाई साल की मासृूम के घाव तो भर रहे हैं, लेकिन वह दहशत में है। स्वास्थ्य विभाग के रिकार्ड के अनुसार जिले में सात महीने में 19600 लोगों को एंटी रैबीज वैक्सीन का डोज दिया गया है। यानी हर महीने औसतन 93 लोगों को कुत्तों या बंदरों ने काटा।
बुलंदशहर रोड निवासी लवी कुरैशी की ढाई वर्षीय बेटी आइजा 26 जुलाई को घर के दरवाजे पर खड़ी थी। परिवार के लोग घर में मेहमान आने के कारण व्यस्त थे। इसी दौरान कुत्तों का एक झुंड यहां पहुंच गया और बच्ची को खींच लिया। कुत्तों के हमले से मासूम बुरी तरह घायल हो गई, जिसे अस्पताल ले जाना पड़ा। बच्ची का इलाज अभी भी चल रहा है।
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अवैध बूचड़खानों की वजह से खूंखार हुए कुत्ते
मोहल्ले के लोगों ने बताया कि आवास विकास से सिकंदर गेट की ओर पहले एक दीवार थी, जिसे कुछ लोगों ने तोड़ दिया।आसपास के अवैध बूचडख़ानों के बाहर मंडराने वाले कुत्ते इस टूटी दीवार की वजह से अंदर घुस आते हैं। यह कुत्ते बेहद खूंखार हैं।
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2018 के बाद से नहीं हुई कुत्तों की नसबंदी
हापुड़ नगर पालिका द्वारा कुत्तों की संख्या को काबू में करने के लिए वर्ष 2018 में नसबंदी का प्रस्ताव पास हुआ था। जिसके बाद शहर के 400 कुत्तों की नसबंदी हुई थी। इसके बाद अभियान को रोक दिया गया। इसके बाद से लगातार शहर के लोगों द्वारा अभियान चलाने की मांग उठ रही है।
मांगे हैं टेंडर
कुत्तों की समस्या से निजात के लिए एक बार फिर टेंडर डाले गए हैं, लेकिन अभी तक कोई टेंडर लेने के लिए नहीं आया है।-एसके गौतम, ईओ, नगर पालिका हापुड़।
एंटी रैबीज जरूर लगवाएं
मीट खाने वाले कुत्ते ऐसी घटनाएं करते हैं। ऐेसे क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को बच्चों का विशेष ध्यान रखना चाहिए। कुत्ते के काटने पर रेबीज के इंजेक्शन जरूर लगवा लें।-डॉ. प्रमोद कुमार, सीवीओ, हापुड़।
अस्पतालों में रेबीज की डोज पर्याप्त
बंदरों और कुत्ते काटने के मामले पिछले कुछ दिनों में बढ़े हैं। अस्पतालों में ऐसी मरीजों की संख्या बढ़ी है। जिले के अस्पतालों में रेबीज के इंजेक्शन की पर्याप्त मात्रा है।-डॉ रेखा शर्मा, सीएमओ, हापुड़।
वर्ष एंटी रेबीज की लगाई डोज
2021 19600 अभी तक
2000 36350
2019 33770
2018 29390
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