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ट्रैक पर मिला युवती का शव आधे घंटे तक रोकी हमसफर
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ट्रैक पर मिला युवती का शव आधे घंटे तक रोकी हमसफर
मसूरी। मसूरी गंगनहर रेलवे पुल के पास एक युवती का क्षतविक्षत शव मिलने से सनसनी फैल गई। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर शिनाख्त की तो उसकी पहचान खांचा रोड मसूरी निवासी आयशा (18) के रूप में हुई। परिजनों ने बताया कि शनिवार सुबह परिजनों की आंख खुलने पर आयशा घर से गायब मिली थी। इसी दौरान वहां पहुंची हमसफर ट्रेन को 27 मिनट तक ट्रैक पर खड़ा होना पड़ा। परिजनों का कहना है कि आयशा को मिर्गी बीमारी थी, जिसके लेकर वह तनाव में रहती थी। संभवत: बीमारी से परेशान होकर उसने आत्महत्या की है। वहीं, पुलिस का कहना है कि मौके से सुसाइड नोट नहीं मिला है।
खांचा रोड मसूरी निवासी इस्लामुद्दीन मजदूरी कर परिवार की आजीविका चलाते हैं। शनिवार सुबह करीब साढ़े छह बजे इस्लामुद्दीन व परिवार के अन्य लोग सोकर उठे तो 18 वर्षीय बेटी आयशा घर से गायब मिली। काफी देर तक आयशा के दिखाई न देने पर परिजनों ने उसकी तलाश शुरू कर दी। सभी संभावित स्थानों पर खोजबीन के बाद भी कोई सुराग नहीं लगा। वहीं, थोड़ी ही देर बाद किसी युवती का शव रेलवे ट्रैक पर मिलने की सूचना मिली। परिजन मौके पर पहुंचे तो शव आयशा का निकला। इस्लामुद्दीन ने पुलिस को बताया कि आयशा को दौरे पड़ते थे। इलाज कराने के बावजूद उसे आराम नहीं लग रहा था। शायद बीमारी से तंग आकर आयशा ने आत्महत्या की है। मसूरी एसएचओ शैलेंद्र सिंह का कहना है कि शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। सभी पहलुओं पर जांच की जा रही है।
ट्रैक पर भीड़ लगने से खड़ी रही ट्रेन
सुबह 7 बजकर 38 मिनट पर आयशा का शव रेलवे ट्रैक पर पड़ा था, जबकि ट्रैक पर परिजन व लोगों भी भीड़ मौजूद थी। इसी बीचकर कोलकाता के जयनगर से चलकर दिल्ली आने वाली हमसफर ट्रेन वहां पहुंच गई। ट्रैक पर लोगों की भीड़ देख पायलट ने ट्रेन रोक दी। शव व लोगों के ट्रैक से हटने में 27 मिनट लग गए, लिहाजा तब तक हमसफर ट्रेन ट्रैक पर ही खड़ी रही।
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मसूरी। मसूरी गंगनहर रेलवे पुल के पास एक युवती का क्षतविक्षत शव मिलने से सनसनी फैल गई। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर शिनाख्त की तो उसकी पहचान खांचा रोड मसूरी निवासी आयशा (18) के रूप में हुई। परिजनों ने बताया कि शनिवार सुबह परिजनों की आंख खुलने पर आयशा घर से गायब मिली थी। इसी दौरान वहां पहुंची हमसफर ट्रेन को 27 मिनट तक ट्रैक पर खड़ा होना पड़ा। परिजनों का कहना है कि आयशा को मिर्गी बीमारी थी, जिसके लेकर वह तनाव में रहती थी। संभवत: बीमारी से परेशान होकर उसने आत्महत्या की है। वहीं, पुलिस का कहना है कि मौके से सुसाइड नोट नहीं मिला है।
खांचा रोड मसूरी निवासी इस्लामुद्दीन मजदूरी कर परिवार की आजीविका चलाते हैं। शनिवार सुबह करीब साढ़े छह बजे इस्लामुद्दीन व परिवार के अन्य लोग सोकर उठे तो 18 वर्षीय बेटी आयशा घर से गायब मिली। काफी देर तक आयशा के दिखाई न देने पर परिजनों ने उसकी तलाश शुरू कर दी। सभी संभावित स्थानों पर खोजबीन के बाद भी कोई सुराग नहीं लगा। वहीं, थोड़ी ही देर बाद किसी युवती का शव रेलवे ट्रैक पर मिलने की सूचना मिली। परिजन मौके पर पहुंचे तो शव आयशा का निकला। इस्लामुद्दीन ने पुलिस को बताया कि आयशा को दौरे पड़ते थे। इलाज कराने के बावजूद उसे आराम नहीं लग रहा था। शायद बीमारी से तंग आकर आयशा ने आत्महत्या की है। मसूरी एसएचओ शैलेंद्र सिंह का कहना है कि शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। सभी पहलुओं पर जांच की जा रही है।
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ट्रैक पर भीड़ लगने से खड़ी रही ट्रेन
सुबह 7 बजकर 38 मिनट पर आयशा का शव रेलवे ट्रैक पर पड़ा था, जबकि ट्रैक पर परिजन व लोगों भी भीड़ मौजूद थी। इसी बीचकर कोलकाता के जयनगर से चलकर दिल्ली आने वाली हमसफर ट्रेन वहां पहुंच गई। ट्रैक पर लोगों की भीड़ देख पायलट ने ट्रेन रोक दी। शव व लोगों के ट्रैक से हटने में 27 मिनट लग गए, लिहाजा तब तक हमसफर ट्रेन ट्रैक पर ही खड़ी रही।
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