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Ghaziabad News: पुलिसकर्मी बनकर विदेशी नागरिक से एक हजार डॉलर की टप्पेबाजी
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इंदिरापुरम। कौशांबी थानाक्षेत्र के वैशाली सेक्टर एक में शनिवार को पुलिसकर्मी बनकर दो टप्पेबाजों ने उजबेकिस्तान के ताशकंद निवासी ऑरिफजॉन उरालोव को निशाना बनाया। जांच के बहाने उनका पासपोर्ट और वीजा समेत अन्य दस्तावेज मांगे। साथ ही दस्तावेज के बैग में रखे करीब एक हजार डॉलर (लगभग 87 हजार रुपये) निकालकर ले गए। ऑरिफजॉन यहां वैशाली स्थित निजी अस्पताल में भर्ती अपने भाई शक्जोडटुर नॉव की तीमारदारी के लिए रह रहे हैं। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के दर्ज किए मुकदमे में ऑरिफजॉन ने बताया कि उनके भाई वैशाली स्थित निजी अस्पताल में भर्ती हैं। शनिवार को वह दूध व फल लेने के लिए बाजार की तरफ जा रहे थे। तभी सेक्टर एक के पास स्थित पार्क के सामने उनके पीछे से एक सफेद रंग की कार आकर रुकी। उसमें से दो लोग निकले, जिन्होंने खुद को पुलिसकर्मी बताया और उनसे जांच के लिए दस्तावेज मांगे। पुलिस समझकर उन्होंने अपना पासपोर्ट व वीजा समेत अन्य दस्तावेज वाला बैग उन्हें दे दिया। कार चालक युवक ने उनके दस्तावेज देखने शुरू किए और मौका मिलते ही उनके बैग में रखे करीब एक हजार डॉलर (लगभग 87 हजार रुपये) निकाल लिए। इसके बाद दस्तावेज व बैग उन्हें वापस कर दोनों भाग गए। जब उन्होंने बैग देखा तब उन्हें रुपये गायब होने का पता चला। उन्होंने पुलिस से शिकायत की लेकिन भाषा की दिक्कत होने की वजह से पूरा मामला पुलिस को समझने में समय लगा। इस पर अस्पताल की ओर से नियुक्त द्विभाषीय व्यक्ति (ट्रांसलेटर) की मदद से पुलिस ने ऑरिफजॉन की तहरीर ली।
-- वर्जन--
मामले में तत्काल प्रभाव से मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। विदेशी नागरिक की बताई जानकारी के आधार पर घटनास्थल के आसपास की सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई हैं, जिनसे कई अहम सुराग मिले हैं। पुलिस टीम आरोपियों के करीब है, जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा। अभिषेक श्रीवास्तव, एसीपी इंदिरापुरम
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पुलिस के दर्ज किए मुकदमे में ऑरिफजॉन ने बताया कि उनके भाई वैशाली स्थित निजी अस्पताल में भर्ती हैं। शनिवार को वह दूध व फल लेने के लिए बाजार की तरफ जा रहे थे। तभी सेक्टर एक के पास स्थित पार्क के सामने उनके पीछे से एक सफेद रंग की कार आकर रुकी। उसमें से दो लोग निकले, जिन्होंने खुद को पुलिसकर्मी बताया और उनसे जांच के लिए दस्तावेज मांगे। पुलिस समझकर उन्होंने अपना पासपोर्ट व वीजा समेत अन्य दस्तावेज वाला बैग उन्हें दे दिया। कार चालक युवक ने उनके दस्तावेज देखने शुरू किए और मौका मिलते ही उनके बैग में रखे करीब एक हजार डॉलर (लगभग 87 हजार रुपये) निकाल लिए। इसके बाद दस्तावेज व बैग उन्हें वापस कर दोनों भाग गए। जब उन्होंने बैग देखा तब उन्हें रुपये गायब होने का पता चला। उन्होंने पुलिस से शिकायत की लेकिन भाषा की दिक्कत होने की वजह से पूरा मामला पुलिस को समझने में समय लगा। इस पर अस्पताल की ओर से नियुक्त द्विभाषीय व्यक्ति (ट्रांसलेटर) की मदद से पुलिस ने ऑरिफजॉन की तहरीर ली।
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मामले में तत्काल प्रभाव से मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। विदेशी नागरिक की बताई जानकारी के आधार पर घटनास्थल के आसपास की सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई हैं, जिनसे कई अहम सुराग मिले हैं। पुलिस टीम आरोपियों के करीब है, जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा। अभिषेक श्रीवास्तव, एसीपी इंदिरापुरम
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