NIA अफसर तंजील अहमद को अंतिम विदाई, श्रद्धांजलि देने पहुंचे दिल्ली सीएम
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बीती रात ताबड़तोड़ गोलियां बरसाकर एनआई के डिप्टी एसपी तंजील अहमद की हत्या कर दी गई थी, जिन्हें आज दिल्ली में अंतिम विदाई दी जा रही है। तंजील अहमद को सुपुर्द-ए-खाक करने से पहले बीएसएफ जवानों के द्वारा गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया।
हालांकि राजकीय सम्मान से पहले स्थानीय लोग तंजील अहमद के पार्थिव शरीर को घेरकर खड़े हो गए, और नारेबाजी करने लगे। ये लोग दिल्ली सरकार मुर्दाबाद और केजरीवाल विरोधी नारे लगा रहे थे। स्थानीय लोगों में इस बात की नाराजगी थी कि दिल्ली सरकार का कोई मंत्री और नेता तंजील अहमद की अंतिम विदाई के वक्त वहां मौजूद नहीं है।
हालांकि बाद में अफसरों के द्वारा समझाईश देने के बाद लोग मान गए और एनआईए के अफसर को राजकीय सम्मान के साथ अंतिम विदाई दी गई। भारी विरोध के बाद दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल एनआईए अफसर को श्रद्धांंजली देने के लिए कब्रिस्तान पहुचे, और परिवार की सहायता के लिए एक करोड़ की राशि का ऐलान किया। हालांकि लोगों ने विरोध करते हुए कहा कि एक करोड़ की राशि सहायता के नाम पर बेहद कम है, इसे पांच करोड़ होना चाहिए।
ताबड़तोड़ गोलियां बरसाकर कर दी गई हत्या
एनआईए के डिप्टी एसपी व पठानकोट आतंकी हमले की जांच से जुड़े तंजील अहमद की बिजनौर के स्योहारा थाना क्षेत्र में बीती देर रात गोली मार कर हत्या कर दी गई। मध्य रात एक बजे यह वारदात हुई। उस समय डीएसपी तंजील अहमद एक शादी समारोह से लौट रहे थे। मारे गए डीएसपी बिजनौर जिले के ही सहसपुर के रहने वाले थे।
पत्नी और दो बच्चों के साथ वैगन-आर कार से शादी समारोह में शामिल होने स्योहारा गए थे। लौटते समय बाइक सवार दो बदमाशों ने उनकी गाड़ी को निशाना बना कर अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। बदमाशों ने पिस्टल से गोलियां चलाई।
पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के मुताबिक तंजील अहमद को करीब 12 गोलियां लगीं जिनमें से 9 गोलियां शरीर के पार हो गईं। बाद में उनकी मुरादाबाद के कासमोट अस्पताल में मौत हो गई।