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जालसाजी: एटीएम से पैसे भी निकालता था और बैंक से भी लेता था
Mon, 19 Jul 2021 12:54 PM IST
विक्रांत चतुर्वेदी
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
Published by: विक्रांत चतुर्वेदी
Updated Mon, 19 Jul 2021 12:54 PM IST
सार
- जालसाज एटीएम से पैसे निकाला का नया तरीका इजाद किया
- यू-ट्यूब से सीखा था एटीएम से पैस निकालने का तरीका
- एक ही एटीएम में पांच बार जाने से पकड़ा गया
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एटीएम मशीन
- फोटो : पिक्साबे
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विस्तार
नई दिल्ली जिले की बाराखंभा ने एक ऐसे जालसाज को दबोचा है जो जालसाजी कर एटीएम से पैसे भी निकाल लेता था और बैंक से भी ले लेता था। इस तरह इस तरह उसने करीब 50 हजार रुपये निकाल लिए। एटीएम से जालसाजी का ये नया तरीका पहली बार सामने आया है। आरोपी ने एटीएम से इस तरह जालसाजी कर पैसे निकालने का ये तरीका यू-ट्यूब से सीखा था।
केजी मार्ग, नई दिल्ली में स्थित एक ही एटीएम में आरोपी पांच बार पहुंच गया तो पुलिस ने उसने दबोच लिया। आरोपी सीसीटीवी फुटेज से पकड़ा गया है। नई दिल्ली जिला पुलिस अधिकारियों के अनुसार गिरफ्तार आरोपी की पहचान ख्याला, दिल्ली निवासी अमित कुमार के रूप में हुई। आरोपी 11 वीं पास है। केजी मार्ग पर स्थित एटीएम में लगातार पैसे कम हो रहे थे।
ये एटीएम बैंक की ब्रांच में बाहर स्थित है। बैंक अधिकारियों ने एटीएम में सीसीटीवी लगवाए। सीसीटीवी कैमरों से पता लगा कि एक युवक एटीएम में पांच बार आया है। उसने हर बार एक ही जैसे कपड़े व चप्पल पहनी हुई थी। गत शुक्रवार को वह जब पांचवीं बार एटीएम पहुंचा तो बैंक अधिकारियों ने इसकी सूचना बारांखभा थाना पुलिस को सूचना दी। बाराखंभा थानाध्यक्ष प्रवीण कुमार की देखरेख में एसआई सुभाष की टीम ने आरोपी को मौके से दबोच लिया।
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आरोपी इस तरह करता था जालसाजी
नई दिल्ली जिला पुलिस अधिकारियों के अनुसार आरोपी अमित कुमार अपना या फिर किसी रिश्तेदार का एटीएम कार्ड का इस्तेमाल करता था। वह एटीएम मशीन में एटीएम डालकर पैसे निकालने के लिए पिन कोड डालता। जैसे ही मशीन के डिस्पेंसर से पैसे निकलते थे ये पैसे निकलने वाले जगह पर अपनी ऊंगली फंसा देता था। इससे मशीन का सेंसर काम करना बंद कर देता था। फिर ये पैसे बाहर निकाल लेता था।
इस तरह पैसे तो बाहर आ जाते थे और आरोपी के बैंक खाते से पैसे निकलने का अपडेट भी आ जाता था। मगर मशीन से पैसे निकलने का अपडेट नहीं आता था। पैसे लेने के बाद आरोपी बैंक के कस्टूमर केयर पर बात करता था और पैसे नहीं निकलने की शिकायत करता था। इस तरह ये ट्रांजेक्शन संदिग्ध में आ जाती थी और बैंक इसे पैसे वापस इसके एकाउंट में डाल देती थी।
आरोपी इस तरह पांच बार में 49500 रुपये निकाल चुका था। पुलिस अधिकारियों के अनुसार जालसाजी का ये तरीका टच स्क्रीन वाले एटीएम व बाहर वाले एटीएम में काम नहीं करता था। आरोपी ने बताया कि ये तरीका ब्रांच परिसर में लगे एटीएम मशीन में ही काम करता था।
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केजी मार्ग, नई दिल्ली में स्थित एक ही एटीएम में आरोपी पांच बार पहुंच गया तो पुलिस ने उसने दबोच लिया। आरोपी सीसीटीवी फुटेज से पकड़ा गया है। नई दिल्ली जिला पुलिस अधिकारियों के अनुसार गिरफ्तार आरोपी की पहचान ख्याला, दिल्ली निवासी अमित कुमार के रूप में हुई। आरोपी 11 वीं पास है। केजी मार्ग पर स्थित एटीएम में लगातार पैसे कम हो रहे थे।
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ये एटीएम बैंक की ब्रांच में बाहर स्थित है। बैंक अधिकारियों ने एटीएम में सीसीटीवी लगवाए। सीसीटीवी कैमरों से पता लगा कि एक युवक एटीएम में पांच बार आया है। उसने हर बार एक ही जैसे कपड़े व चप्पल पहनी हुई थी। गत शुक्रवार को वह जब पांचवीं बार एटीएम पहुंचा तो बैंक अधिकारियों ने इसकी सूचना बारांखभा थाना पुलिस को सूचना दी। बाराखंभा थानाध्यक्ष प्रवीण कुमार की देखरेख में एसआई सुभाष की टीम ने आरोपी को मौके से दबोच लिया।
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आरोपी इस तरह करता था जालसाजी
नई दिल्ली जिला पुलिस अधिकारियों के अनुसार आरोपी अमित कुमार अपना या फिर किसी रिश्तेदार का एटीएम कार्ड का इस्तेमाल करता था। वह एटीएम मशीन में एटीएम डालकर पैसे निकालने के लिए पिन कोड डालता। जैसे ही मशीन के डिस्पेंसर से पैसे निकलते थे ये पैसे निकलने वाले जगह पर अपनी ऊंगली फंसा देता था। इससे मशीन का सेंसर काम करना बंद कर देता था। फिर ये पैसे बाहर निकाल लेता था।
इस तरह पैसे तो बाहर आ जाते थे और आरोपी के बैंक खाते से पैसे निकलने का अपडेट भी आ जाता था। मगर मशीन से पैसे निकलने का अपडेट नहीं आता था। पैसे लेने के बाद आरोपी बैंक के कस्टूमर केयर पर बात करता था और पैसे नहीं निकलने की शिकायत करता था। इस तरह ये ट्रांजेक्शन संदिग्ध में आ जाती थी और बैंक इसे पैसे वापस इसके एकाउंट में डाल देती थी।
आरोपी इस तरह पांच बार में 49500 रुपये निकाल चुका था। पुलिस अधिकारियों के अनुसार जालसाजी का ये तरीका टच स्क्रीन वाले एटीएम व बाहर वाले एटीएम में काम नहीं करता था। आरोपी ने बताया कि ये तरीका ब्रांच परिसर में लगे एटीएम मशीन में ही काम करता था।