आरएमएल में पकड़ा फर्जी डॉक्टर, मरीजों से करता था डील
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एम्स के बाद अब नई दिल्ली स्थित डॉ. राम मनोहर लोहिया अस्पताल (आरएमएल) में फर्जी डॉक्टर सामने आया है। पिछले वर्ष एम्स में तीन फर्जी डॉक्टरों को पकड़ा गया था, जबकि बृहस्पतिवार को आरएमएल अस्पताल के डॉक्टरों ने फर्जी डॉक्टर को एप्रेन पहने पकड़ा। बताया जा रहा है कि इसकी तलाश पिछले दो सप्ताह से चल रही थी। आरएमएल अस्पताल के रेजीडेंट डॉर्क्ट्स एसोसिएशन (आरडीए) से इस बारे में शिकायत भी हुई थी। आरोपी एक महिला डॉक्टर को इमरजेंसी विभाग में जाकर खुद को मेडिसिन विभाग का सीनियर रेजीडेंट बताकर मरीज का इलाज सबसे पहले कराने का दबाव बना रहा था। आरडीए ने फर्जी डॉक्टर को पकड़ नॉर्थ एवेन्यु थाना पुलिस के हवाले कर दिया है।
बताया जा रहा है कि शुरुआती पूछताछ में फर्जी डॉक्टर ने अपनी पहचान हरियाणा के अंबाला निवासी डॉ. सोनू पाराशर के रुप में की है। इसी नाम से फेसबुक पर भी उसका पेज है। कुछ ही समय पहले उसने दिल्ली के मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज से फॉर्मेसी की पढ़ाई की है, लेकिन फिलहाल वह आरएमएल अस्पताल में ठेके पर एमटीसी कर्मचारी है, जिसका काम एप्रेन पहन मरीजों का इलाज करना या डील करना नहीं है।
आरडीए अध्यक्ष डॉ. सुमेध ने बताया कि पिछले कुछ समय से सभी डॉक्टरों के पास आरोपी का फोटो था। सभी इसकी तलाश में जुटे थे। गुरुवार को अस्पताल परिसर में ही ये एप्रेन पहने डॉक्टरों के पास घुमता मिल गया। जब इससे पूछताछ की गई तो ये एक भी सवाल का सही जबाव नहीं दे सका। इसके बाद पुलिस को घटना की सूचना दी गई। उधर देर शाम अस्पताल प्रबंधन तक फर्जी डॉक्टर के पकड़े जाने की सूचना पहुंच चुकी है। बताया जा रहा है कि प्रबंधन की ओर से शुक्रवार को इस मामले में केस दर्ज भी कराया जा सकता है।
डॉ. सुमेध ने बताया कि फेसबुक प्रोफाइल खंगालने पर आरोपी फर्जी डॉक्टर के कई तस्वीरें राजनीतिक हस्तियों के साथ देखने को मिली हैं। सोशल मीडिया पर एप्रेन पहनकर ये फोटो तस्वीरें पोस्ट करता है और खुद को कथित डॉक्टर भी कहता है। उनका कहना है कि इसके खिलाफ सख्त कार्रवाई के लिए अस्पताल प्रबंधन से अपील करेंगे।