पूर्व सैनिकों ने खत्म किया अनशन, बोले- साड्डा हक ऐत्थे रख!
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दिल्ली में जंतर-मंतर पर वन रैंक वन पेंशन को लेकर प्रदर्शन और भूख हड़ताल कर रहे पूर्व सैनिकों ने आमरण अनशन खत्म कर दिया है। लेकिन सैनिकों का विरोध और आंदोलन अभी जारी रहेगा।
पूर्व सैनिकों ने भूख हड़ताल खत्म करने का ऐलान किया। हालांकि सैनिको ने कहा है कि अगर सरकार अपना वादा पूरा नहीं करती है तो वे फिर से अनशन करेंगे। गौरतलब है कि तकरीबन पिछले दो महीने से पूर्व सैनिक OROP की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे।
केंद्र सरकार ने कल सैनिकों के लिए वन रैंक वन पेंशन को मंजूरी दी। हालांकि सरकार द्वारा मंजूरी मिलने के बाद भी वन रैंक वन पेंशन के कुछ मुददों पर पूर्व सैनिक सरकार से सहमत नहीं थे। जिनमें VRS भी शामिल था।
पीएम ने VRS पर साफ किया था रूख
इससे पहले फरीदाबाद सेक्टर-12 में मेट्रो के उद्घाटन के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने भाषण में वन रैंक वन पेंशन को लेकर सरकार का रूख स्पष्ट किया था।
पीएम ने कहा था कि VRS पर भ्रमित किया जा रहा है। उनकी सरकार सैनिकों के साथ है। पीएम ने मजबूरन VRS लेने वाले सैनिकों को भी OROP के दायरे में रखने की बात कही थी।
हालांकि पीएम के बयान के बाद जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे सैनिकों के चेहरे पर तब हल्की खुशी तो जरूर दिखाई दी थी लेकिन वे उन्होंने तत्काल अनशन समाप्त नहीं किया था।
सैनिकों ने गौरव रैली का किया था ऐलान
पूर्व सैनिकों ने पीएम की घोषणा के बाद शनिवार को गौरव रैली करने की बात कही थी। साथ ही सरकार के खिलाफ OROP पर अपनी सभी मांगे मनवाने के लिए प्रदर्शन और हड़ताल को भी जारी रखने की बात कही थी।
पूर्व सैनिकों के मुताबिक न तो उन्हें एक पैसा फालतू चाहिए और न ही कम। पीएम के वन रैंक वन पेंशन पर भ्रम के बयान पर कहा कि वे भ्रमित नहीं हो रहे हैं बल्कि प्रेस भ्रमित हो रही है।
कुल मिलाकर फिलहाल पूर्व सैनिकों ने आमरण अनशन खत्म कर दिया है लेकिन उनका आंदोलन और विरोध जारी रहेगा। सैनिकों ने साड्डा हक ऐत्थे रख के नारे भी लगाए।