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दिल्ली: वोटर आईडी विवरण मांगने पर चुनाव आयोग की रोक, सिसोदिया बोले- यह आपका अधिकार नहीं
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दिल्ली
Updated Sun, 02 Dec 2018 10:00 AM IST
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फाइल फोटो
- फोटो : PTI
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चुनाव आयोग ने दिल्ली सरकार से स्कूली छात्रों के परिजनों का मतदाता पहचान विवरण एकत्रित करने पर रोक लगाने का आदेश दिया है। जवाब में दिल्ली सरकार के मंत्री मनीष सिसोदिया ने पिछले हफ्ते मुख्य निर्वाचन आयुक्त ओपी रावत को लिखे एक पत्र में चुनाव आयोग के निर्देश को अवैध करार दिया।
सिसोदिया ने इसे मानने से इनकार करते हुए शिक्षा निदेशालय (डीओई) को चुनाव आयोग के आदेश का पालन न करने का निर्देश दिया है।
सितंबर से शुरू हुए डाटा संग्रह योजना में दिल्ली सरकार ने सभी सार्वजनिक और निजी संस्थानों से अपने छात्रों, उनके अभिभावकों और भाई-बहनों के व्यापक डाटा को उनके मोबाइल नंबर, मतदाता आईडी विवरण और शैक्षणिक योग्यता के साथ संकलित करने के लिए कहा था।
8 अक्टूबर को दिल्ली निदेशालय शिक्षा द्वारा जारी एक संशोधित परिपत्र में कहा गया था कि यह प्रक्रिया छात्रों के आवासीय पते की पुष्टि के साथ ही दिल्ली के छात्रों का डाटा बैंक बनाने में सुविधा प्रदान करेगा। जिससे लघु अवधि और दीर्घ अवधि के कई योजनाओं को बनाने में मदद मिलेगी।
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सिसोदिया ने इसे मानने से इनकार करते हुए शिक्षा निदेशालय (डीओई) को चुनाव आयोग के आदेश का पालन न करने का निर्देश दिया है।
सितंबर से शुरू हुए डाटा संग्रह योजना में दिल्ली सरकार ने सभी सार्वजनिक और निजी संस्थानों से अपने छात्रों, उनके अभिभावकों और भाई-बहनों के व्यापक डाटा को उनके मोबाइल नंबर, मतदाता आईडी विवरण और शैक्षणिक योग्यता के साथ संकलित करने के लिए कहा था।
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8 अक्टूबर को दिल्ली निदेशालय शिक्षा द्वारा जारी एक संशोधित परिपत्र में कहा गया था कि यह प्रक्रिया छात्रों के आवासीय पते की पुष्टि के साथ ही दिल्ली के छात्रों का डाटा बैंक बनाने में सुविधा प्रदान करेगा। जिससे लघु अवधि और दीर्घ अवधि के कई योजनाओं को बनाने में मदद मिलेगी।
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