{"_id":"d912004f73e3f7b41291bc3c602c9595","slug":"duta-says-immediate-release-saibaba","type":"story","status":"publish","title_hn":"डूटा ने कहा, साईंबाबा को तत्काल रिहा करें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
डूटा ने कहा, साईंबाबा को तत्काल रिहा करें
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Mon, 12 May 2014 01:08 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नक्सलियों के लिए काम करने के आरोप में गिरफ्तार किए गए डीयू शिक्षक डॉ. जीएन साईंबाबा के समर्थन में दिल्ली विश्वविद्यालय शिक्षक संघ (डूटा) आगे आया है।
विज्ञापन
डूटा ने साईंबाबा की गिरफ्तारी को मानवाधिकार हनन बताते हुए उन्हें तुरंत रिहा करने की मांग की है। डूटा का आरोप है कि पुलिस ने उन्हें बेहद गलत तरीके से गिरफ्तार किया है। डूटा ने विश्वविद्यालय प्रशासन से भी इस मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की है।
विज्ञापन
गिरफ्तारी के दो दिन बार डूटा ने रविवार को अधिकारिक बयान जारी कर डॉ. जीएन साईंबाबा का समर्थन किया है। डूटा ने कहा कि पुलिस ने नियमों को ताक पर रखकर उन्हें गिरफ्तार किया है।
विज्ञापन
डूटा का कहना है कि साईंबाबा एक अच्छे शिक्षक हैं। पहले भी पुलिस उन पर यह आरोप लगाती रही है। तब साईंबाबा ने कहा था कि वह जांच के लिए हर तरह का सहयोग करेंगे। फिर उन्हें सड़क पर एक अपराधी की तरह गिरफ्तार क्यों किया गया।
डूटा का कहना है कि पुलिस ने शारीरिक रुप से अशक्त शिक्षक पर अनैतिक तरीके से कार्रवाई की है। इससे पहले भी पुलिस ने उनके लिए हाउस अरेस्ट जैसी स्थिति पैदा की थी। उस समय भी उन्हें कोई सबूत नहीं मिला। तब भी साईंबाबा ने जांच में मदद की बात कही थी।
डूटा ने सभी कॉलेज प्रबंधनों और डीयू प्रशासन से इस मामले में मिलकर हस्तक्षेप करने और सुनिश्चित करने की मांग की है कि साईंबाबा को अपने पक्ष रखने का पूरा अधिकार मिले।