मांग के चलते दिल्ली की सड़कों पर भी बिक रहे हैं मास्क, दाम 10 से 50 रुपये
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राजधानी में कोरोना की दस्तक के बाद इससे बचाव के लिए लोग मास्क का सहारा ले रहे हैं। यही कारण है कि इन दिनों इसका बाजार ऑनलाइन से लेकर सड़कों तक गर्म हो चुका है। मास्क कि बिक्री जगह-जगह देखी जा सकती है।
भागीरथी पैलेस स्थित दुकानदार रिची ने बताया कि कोरोना के बढ़ते प्रकोप के बाद मास्क की बिक्री में उछाल आया है। पुराना स्टॉक खत्म हो चुका है। नए मास्क को लेकर पहले ही ऑर्डर आ चुका है। इन दिनों लोग बेहतर गुणवत्ता वाले मास्क की मांग कर रहे हैं। इस वजह से मास्क खरीदने से पहले लोग मास्क के अंदर लगने वाले फिल्टर की भी पूरी जानकारी ले खरीद रहे हैं।
10 से लेकर 50 रुपये हैं दाम
मास्क की बढ़ती मांग के बीच सड़कों पर भी मास्क बेचे जा रहे हैं। लोग इसे आमदनी का जरिया भी बना रहे हैं। कश्मीरी गेट स्थित मास्क विक्रेता राजू ने बताया कि पहले फेरी लगाने का काम करता था, लेकिन इन दिनों मास्क के मांग को देखते हुए इसे आमदनी का जरिया बनाया है।
हालांकि, जो मास्क सड़कों पर बिक रहा है वह डिस्पोजेबल मास्क है। इसे केवल एक दिन ही प्रयोग में लाया जकता है। उधर, ऑनलाइन पर भी मास्क की बिक्री तेज है। समूची ऑनलाइन कंपनियां की साइट पर इसके दाम 50 से लेकर 500 रुपये तक हैं।
शाहीन बाग में प्रदर्शनकारियों की भीड़ जुटने से बढ़ा खतरा
कोरोना के बढ़ते खौफ के बीच शाहीन बाग में सर्दी-जुकाम के मरीजों की संख्या बढ़ रही है। धरनास्थल पर मौजूद प्रदर्शनकारी इसे महज मौसमी बदलाव बताकर नजर अंदाज कर रहे हैं। किसी भी बुजुर्ग व बच्चों की तबीयत खराब होने पर उन्हें झोलाछाप डॉक्टरों से इलाज कराने की सलाह दी जा रही है। वहीं प्रदर्शन में भीड़ के लगातार एकत्र होने से कोरोना वायरस का खतरा बढ़ता जा रहा है। जिला प्रशासन की ओर से भी प्रदर्शनकारियों को समझाकर हटाने का प्रयास किया गया था, लेकिन प्रदर्शनकारी टस से मस होने को तैयार नहीं हैं।
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि कारेाना के बढ़ते प्रकोप के बावजूद देश भर से लोग शाहीन बाग पहुंच रहे हैं। प्रदर्शन में शामिल कई बुजुर्ग महिलाओं को सर्दी-जुकाम हो रही है, इसके बावजूूद महिलाएं डटी हैं। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि दिल्ली सरकार के निर्देश का वह पूरी तरह पालन कर रहे हैं। जिसे देखते हुए प्रत्येक तख्त पर दो महिलाओं से अधिक लोग नहीं बैठ रहे हैं। उधर, प्रदर्शनकारियों को समझाने के लिए बुधवार को भी पुलिस के अधिकारी धरनास्थल पहुंचे थे। पुलिस की ओर से प्रदर्शनकारियों को कोरोना के खतरे के बारे में जानकारी दी गई। फिर भी प्रदर्शनकारी अपनी जिद पर अड़े रहे।