मास्क के पीछे छिप रहे खूंखार अपराधी, बदमाशों की धर-पकड़ में पुलिस को हो रही मुश्किल
- मास्क न पहनने के कारण अब तक 152318 लोगों का हुआ चालान
- अकेले मंगलवार को ही मास्क न पहनने के कारण 2290 चालान किए गए
- 15 अगस्त और आगामी त्योहारों को देखते हुए जारी हुआ था सुरक्षा अलर्ट
विस्तार
दिल्ली में एक के बाद एक लगातार दो घटनाएं घट चुकी हैं, जिनमें पंद्रह-बीस नकाबपोशों ने हाथों में घातक हथियार लहराते हुए मोरी गेट और मंगोलपुरी के इलाकों में दहशत कायम करने की कोशिश की। कहा जा रहा है कि ये सभी अपराधी मास्क लगाए हुए थे और रंजिशन एक अन्य बदमाश की तलाश कर रहे थे।
पुलिस ने इनमें कुछ लोगों को गिरफ्तार करने का दावा किया है, लेकिन इसके बाद भी दोनों ही मामलों में ज्यादातर अपराधी अभी भी पुलिस की पकड़ से बाहर हैं। इसे देखते हुए ही पुलिस ने विभिन्न इलाकों में अपना चेकिंग अभियान तेज कर दिया है। जगह-जगह बैरीकेडिंग लगाकर लोगों की जांच की जा रही है। लेकिन मास्क के कारण लोगों के चेहरे ढके होने से पुलिस को अपराधियों की जांच करने में परेशानी हो रही है।
मास्क के पीछे छिप रहे अपराधी
कोरोना संक्रमण से बचने के लिए मास्क का उपयोग बेहद कारगर बताया गया है। लेकिन इसका फायदा अब अपराधी भी उठाने लगे हैं। दिल्ली पुलिस के अधिकारियों के मुताबिक मास्क से चेहरा छिपे होने के कारण उनकी पहचान आसान नहीं रह गई है। यही कारण है कि इससे दिल्ली पुलिस की मुश्किलें बढ़ गई हैं। लेकिन इस स्थिति में अपरधियों की पहचान करने के लिए पुलिस ने अपनी चेकिंग बढ़ा दी है।
मास्क न पहनने पर चालान भी कर रही दिल्ली पुलिस
दिल्ली पुलिस के एडिशनल पीआरओ अनिल कुमार के मुताबिक लोगों को कोरोना से बचाना भी उनकी बड़ी प्राथमिकता है। यही कारण है कि जो लोग मास्क लगाए बिना सड़कों पर निकल रहे हैं, उनके विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जा रही है। मंगलवार तक दिल्ली पुलिस ने मास्क न पहनने के कारण 152318 लोगों का चालान किया है। अकेले मंगलवार को ही मास्क न पहनने के कारण 2290 चालान किए गए हैं।
खतरे का अलर्ट भी जारी
15 अगस्त स्वतंत्रता दिवस पर आतंकी हमले के खतरे को देखते हुए अलर्ट जारी किया गया था। इसके आलावा पुलिस को आशंका है कि आगामी त्योहारों के दौरान भी आपराधिक लोग किसी साजिश को अंजाम देने की कोशिश कर सकते हैं। यही कारण है कि किसी अनहोनी को टालने के लिए पुलिस की चौकसी बढ़ गई है।