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दिल्ली, नोएडा व इंदिरापुरम को मेट्रो से जोड़ने की तैयारी
अनुराग त्रिपाठी/अमर उजाला, नोएडा
Updated Tue, 08 Apr 2014 06:49 PM IST
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सड़कों पर बढ़ते ट्रैफिक के दबाव को कम करने वाली मेट्रो को इंदिरापुरम तक पहुंचाने में नोएडा की एक महत्वपूर्ण भूमिका होगी।
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सेक्टर-62 नोएडा मेट्रो विस्तार कार्यक्रम के साथ ही इंदिरापुरम के लोगों को मेट्रो की सुविधा देने की संभावनाओं पर काम शुरू हो गया है। प्रारंभिक योजना में यह साफ कर दिया गया है कि इलेक्ट्रॉनिक्स सिटी स्टेशन को जंक्शन बनाते हुए सीआईएसएफ जाने वाली मेट्रो लाइन के लिए नोएडा अपनी भूमि का इस्तेमाल करने देगा।
इससे सेक्टर-62 मॉडल टाउन पुलिस चौकी से एनएच-24 पर मेट्रो दाएं मुड़कर सीआईएसएफ कैंप होते हुए सीधे वैशाली लाइन से जोड़ दी जाएगी। लगभग छह किलोमीटर वाली इस मेट्रो रूट पर सात स्टेशन बनाए जा सकते हैं।
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नोएडा ने शहर में 86 किलोमीटर लंबी मेट्रो योजना का खाका भी तैयार कर लिया है। इसमें से सिटी सेंटर सेक्टर-32 से मेट्रो को आठ किलोमीटर आगे बढ़ाते हुए एनएच-24 सेक्टर-62 तक लाने की योजना मूर्त रूप लेने के लिए अंतिम पड़ाव पर आ चुकी है। इसने इंदिरापुरम के लोगों के लिए भी रास्ता खोल दिया है।
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प्राधिकरण और डीएमआरसी अधिकारियों की बीच बातचीत के बारे में जानकारी मिली है कि इंदिरापुरम गाजियाबाद मेट्रो विस्तार में नोएडा अपनी जमीन का इस्तेमाल करने की अनुमति दे चुका है। इसके लिए गाजियाबाद विकास प्राधिकरण के साथ हुई बैठकों में सैद्धांतिक मंजूरी दी जा चुकी है।
डीएमआरसी के अधिकारिक सूत्रों ने बताया कि नोएडा की मंजूरी के बाद ही इलेक्ट्रॉनिक्स सिटी स्टेशन का स्वरूप तैयार हुआ है। इसके अलावा सेक्टर-62 मेट्रो विस्तार की डिजाइन में भी इसकी जानकारी दी गई है। पूरे डिजाइन को ऐसा बनाया गया है, जिससे इंदिरापुरम में मेट्रो के संचालन की सुविधा हो सके।
वहीं, दूसरी ओर दिल्ली, नोएडा और गाजियाबाद को मेट्रो से जोड़ने की कोशिश की जा रही है। इसका मुख्य कारण है कि नोएडा और इंदिरापुरम के कई क्षेत्रों में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था का ढांचा मजबूत नहीं है। ऐसे में मेट्रो सबसे बेहतर विकल्प बनकर उभर रहा है। सेक्टर-62 मेट्रो विस्तार का काम 2014-15 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके साथ ही मेट्रो को आगे ले जाने का काम भी शुरू हो सकता है।