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ठहर गया शहर का विकास, 30 फीसदी ही खर्च सकी सरकार
अरविंद सिंह/अमर उजाला, नोएडा
Updated Fri, 23 Oct 2015 04:40 PM IST
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नोएडा में शहर के विकास की रफ्तार इन दिनों रुक सी गई है। इस साल के तय बजट में से अब तक 30 फीसदी ही खर्च हुआ है। वित्तीय वर्ष खत्म होने तक 40 फीसदी ही खर्च होने का अनुमान है।
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इसका मुख्य कारण मौजूदा हालात हैं। दरअसल, जब से यादव सिंह प्रकरण में सीबीआई की जांच शुरू हुई है न सिर्फ ठेकेदार, बल्कि नोएडा प्राधिकरण के इंजीनियर भी सहम गए हैं। नए प्रोजेक्ट बहुत कम आ रहे हैं।
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पुरानों की गति भी धीमी है। प्रस्तावित प्रोजेक्ट कागजों तक ही सिमट गए हैं। मौके पर काम शुरू नहीं हुए जिससे तय बजट भी खर्च नहीं हुआ। मरम्मत के कार्यों पर भी इसका असर दिखने लगा है।
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हर साल बरसात के बाद सड़कें दुरुस्त की जाती थीं, लेकिन अभी तक काम शुरू नहीं हुआ है। नोएडा प्राधिकरण ने वित्तीय वर्ष 2015-16 में गांव व सेक्टर के विकास और अनुरक्षण कार्यों के लिए 5199 करोड़ रुपये का बजट तय किया है।
अब तक 1582 करोड़ रुपये ही खर्च हुए हैं। यह कुल बजट का लगभग 30 फीसदी ही है। पहली बार ऐसा हुआ है कि अब तक के तय बजट में सबसे कम खर्च है। इससे पहले विकास कार्यों पर खर्च 10 हजार करोड़ रुपये के आसपास ही रहता है।
कई बार यह बजट भी कम पड़ जाता है। इसे भी रिवाइज करके बढ़ाया जाता रहा है। उदाहरण के तौर पर 2014-15 का बजट 9112 करोड़ रुपये था, लेकिन वित्त वर्ष खत्म होने से पहले यह बजट करीब 11,000 करोड़ रुपये पहुंच गया।
इन्फ्रास्ट्रक्चर के बजट में मेट्रो के विकास पर खर्च भी शामिल होता है, लेकिन मेट्रो का तय बजट भी करीब 33 फीसदी ही खर्च हो सका है। नोएडा प्राधिकरण के मुताबिक, 2015-16 में मेट्रो का बजट करीब 1300 करोड़ रुपये तय किया गया था, लेकिन खर्च 413 करोड़ रुपये ही हो सके।
सिटी सेंटर से सेक्टर-62 और नोएडा से ग्रेटर नोएडा मेट्रो का निर्माण देर से शुरू हुआ है। इस कारण भी पूरा बजट नहीं खर्च हुआ। इसी तरह भूमि अधिग्रहण का बजट 1500 करोड़ रुपये रखा गया है, जिसमें से 497 करोड़ रुपये ही खर्च हुए हैं।
इसकी वजह जमीन का अधिग्रहण कम होना है। कोर्ट में विवादों के चलते प्राधिकरण उतनी जमीन का अधिग्रहण नहीं कर सका, जितनी उम्मीद की थी।
देरी से चल रहे ये प्रोजेक्ट
•बॉटेनिकल गार्डन से कालिंदी कुंज मेट्रो
•नोएडा से ग्रेटर नोएडा मेट्रो
•एमपी टू रोड पर एलिवेटेड रोड
• सेक्टर-61 चौराहा व मॉडल टाउन अंडरपास
• 400 व 220 केवी के पांच बिजलीघर
• मल्टीलेवल कार पार्किंग सेक्टर-18 व बॉटेनिकल गार्डन
• नोएडा स्टेडियम का क्रिकेट ग्राउंड
• सेक्टर 94 का अंडरपास
• सेक्टर-39 का जिला चिकित्सालय
इन पर नहीं शुरू हुआ काम
•नलगढ़ा का शहीद स्मारक
• यमुना पर प्रस्तावित दो पुल
•शाहदरा ड्रेन पर एलिवेटेड रोड
•सेक्टर-144 का बस अड्डा
मदतय बजट: खर्च
इन्फ्रास्ट्रक्चर39501151
अनुरक्षण989350
ग्राम विकास21961.5
(नोट : तय बजट और खर्च करोड़ रुपये में है।)