इन होम्योपैथिक दवाओं से नहीं होगा डेंगू
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डेंगू के कारण चारों ओर हड़कंप मचा है। लोगों में डेंगू का संक्रमण तेजी से फैल रहा है। अस्पतालों में मरीजों को बेड नहीं मिल रहे हैं। उपचार के नाम पर हजारों रुपये खर्च करने पड़ रहे हैं और कई लोगों की मौत भी इसके कारण हो रही है।
ऐसे में होम्योपैथिक चिकित्सकों ने बचाव के लिए दवा का प्रयोग करने की सलाह दी है। चिकित्सकों का दावा है कि इनके प्रयोग से डेंगू होने का खतरा 90 फीसदी कम हो जाता है।
वरिष्ठ होम्योपैथिक चिकित्सक डा. कंचन मित्तल ने बताया कि होम्योपैथिक में डेंगू का संक्रमण रोकने वाली दवाओं का असर बेहतर है। जब डेंगू का संक्रमण फैल रहा हो तो इससे बचाव के लिए ‘यूपाटोरियम पफलेटम’ दवा पांच दिन लेनी होती है।
संक्रमण के अनुसार करें दवा का प्रयोग
इसकी 10-10 बूंद दवा या 10-10 गोली ली जा सकती है। आसपास फैल रहे संक्रमण के अनुसार इसका प्रयोग दिन में एक बार से लेकर तीन बार तक किया जा सकता है।
इसी तरह यदि किसी की प्लेटलेट्स में गिरावट आ रही हो तो ‘कोरिका पोपाया एक्सट्रेक्ट’ का प्रयोग किया जा सकता है। इसके साथ ही ‘आर्सेनिक एल्बुयम’ का प्रयोग करना चाहिए।
इनके प्रयोग से प्लेटलेटस में कुछ ही घंटों में हैरतअंगेज बढ़ोतरी होती है। डा. कंचन मित्तल ने बताया कि ये हर्ब मेडिसन होती हैं, जिससे इनके कारण कोई नुकसान नहीं होती और असर बड़ी तेजी से होता है।