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दिल्ली दंगा: न्यायमूर्ति दिनेश शर्मा करेंगे इकबाल तन्हा मामले की सुनवाई, याचिका पर सुनवाई दो अगस्त तक स्थगित

Tue, 25 Apr 2023 01:43 AM IST
Digvijay Singh अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली Published by: Digvijay Singh Updated Tue, 25 Apr 2023 01:43 AM IST
सार

2020 में हुई सांप्रदायिक हिंसा के पीछे बड़ी साजिश के लिए आरोपी आसिफ इकबाल तन्हा के इकबालिया बयान के कथित लीक होने संबंधी याचिका पर सुनवाई चल रही है।

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Delhi riots Justice Dinesh Sharma to hear Iqbal Tanha case
दिल्ली दंगा (फाइल फोटो) - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

दिल्ली दंगा मामले में आरोपी आसिफ इकबाल तन्हा का बयान लीक होने की सुनवाई अब न्यायमूर्ति दिनेश कुमार शर्मा करेंगे। तन्हा की याचिका पर सुनवाई दो अगस्त तक के लिए स्थगित कर दी। इससे पहले न्यायमूर्ति अमित शर्मा एवं न्यायमूर्ति अनूप जयराम भंभानी ने इस मामले की सुनवाई से खुद को अलग कर लिया था। 2020 में हुई सांप्रदायिक हिंसा के पीछे बड़ी साजिश के लिए आरोपी आसिफ इकबाल तन्हा के इकबालिया बयान के कथित लीक होने संबंधी याचिका पर सुनवाई चल रही है।

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न्यायमूर्ति ने 19 अप्रैल को कहा था कि मुख्य न्यायाधीश के आदेश से इस मामले को 24 अप्रैल को दूसरी पीठ के समक्ष सुनवाई के लिए भेजी जाए। न्यायमूर्ति भंभानी ने इस मामले से खुद को अलग करते हुए कहा था कि अदालत की कार्रवाई का न्याय प्रणाली की विश्वसनीयता पर कोई विपरीत असर नहीं पड़ना चाहिए। 

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निलंबित प्रोफेसर को भत्ता जारी रखने के निर्देश
दिल्ली उच्च न्यायालय ने जामिया मिलिया इस्लामिया विश्वविद्यालय के एक निलंबित सहायक प्राध्यापक को भत्ता जारी रखने का निर्देश दिया है। उनके खिलाफ इस साल फरवरी में यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए गए थे। अदालत ने मामले की अगली सुनवाई 13 अक्टूबर के लिए सूचीबद्ध किया है। 

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आंतरिक शिकायत समिति को दी गई शिकायत के बाद सहायक प्रोफेसर एस वीरमणि पर तत्काल निलंबित कर दिया था। इसके बाद जांच लंबित है। एक छात्रा ने कार्यस्थल पर महिलाओं का यौन उत्पीड़न (रोकथाम, निषेध और निवारण) अधिनियम, 2013 की धारा 9 के तहत शिकायत दी थी। न्यायमूर्ति प्रतिभा एम सिंह की खंडपीठ ने आदेश दिया है कि विश्वविद्यालय के मानदंड के मुताबिक मासिक आधार पर प्रोफेसर को भत्ते का भुगतान किया जाए। 

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