{"_id":"651d9f6b4700051c57005d04","slug":"delhi-lg-vk-saxena-sent-sukesh-chandrashekhar-complaint-to-home-ministry-for-further-action-2023-10-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"Delhi: उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने गृह मंत्रालय को भेजी सुकेश की शिकायत, वकील को फोन पर मिली थी धमकी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Delhi: उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने गृह मंत्रालय को भेजी सुकेश की शिकायत, वकील को फोन पर मिली थी धमकी
Wed, 04 Oct 2023 10:53 PM IST
श्याम जी.
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
Published by: श्याम जी.
Updated Wed, 04 Oct 2023 10:53 PM IST
सार
दिल्ली के उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने सुकेश चंद्रशेखर की शिकायत को आगे की कार्रवाई के लिए गृह मंत्रालय को भेज दिया है। सुकेश चंद्रशेखर ने शिकायत में दावा किया कि उनके वकील को धमकी भरे फोन आते हैं।
विज्ञापन
सुकेश चंद्रशेखर
- फोटो : सोशल मीडिया
विस्तार
उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने ठग सुकेश चंद्रशेखर द्वारा दिल्ली के मुख्यमंत्री और आप नेताओं के खिलाफ की गई शिकायत को केंद्रीय गृहमंत्रालय के पास भेज दिया है। सुकेश ने आठ जुलाई को अपने वकील के माध्यम से उपराज्यपाल को पत्र लिखकर यह आरोप लगाया था कि आप नेता यह दबाव बना रहे हैं कि उनके खिलाफ दिए गए बयान को वापस ले लें।
विज्ञापन
यह भी कहा था कि उनके वकील अनंत मलिक को धमकी भरे फोन आ रहे हैं। फोन करने वाले की पहचान दिनेश मुखिया के रूप में हुई है। वह यह भी धमकी दे रहा है कि दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और सत्येंद्र जैन के खिलाफ बयान वापस नहीं लिए तो उसके खाने में जहर मिला दिया जाएगा।
विज्ञापन
उपराज्यपाल को अपने वकील द्वारा भेजे गए शिकायती पत्र में सुकेश ने यह भी अनुरोध किया है कि उन्हें मंडोली जेल से दिल्ली से बाहर की किसी भी जेल में भेज दिया जाए, जो आम आदमी पार्टी के नियंत्रण में नहीं हो। इस मामले में दिल्ली के उपराज्यपाल सचिवालय ने आगे की आवश्यक कार्रवाई के लिए दिल्ली सरकार के गृह विभाग को भेजा था। इसके जवाब में दिल्ली सरकार के गृह विभाग ने सिफारिश की कि इस पूरे मामले को भारत सरकार के गृह मंत्रालय को भेज दिया जाए।
विज्ञापन
केश ने अपने पत्र में यह भी लिखा है कि जब तक उन व्यक्तियों के खिलाफ जांच पूरी नहीं हो जाती, तब तक दिल्ली की आम आदमी पार्टी (आप) की सरकार द्वारा प्रशासित दिल्ली की जेलों से किसी अन्य राज्य की जेल में स्थानांतरण कर दिया जाए जो ‘आप’ सरकार के अधीन नहीं हैं।