दिल्ली में आज से खुलेंगी गली-मोहल्ले की दुकानें, कंटेनमेंट जोन में कोई छूट नहीं
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लॉकडाउन के बीच दिल्ली सरकार ने अपने यहां केंद्रीय गृह मंत्रालय के नए आदेश को लागू करने का फैसला कर लिया है। इसके चलते रविवार से गली-मोहल्ले और आवासीय कॉलोनियों में बनी दुकानों के साथ ही जगह-जगह बनीं एकल दुकानों का ताला खुल जाएगा।
हालांकि भीड़भाड़ वाले बाजार, मार्केट कांप्लेक्स और शॉपिंग मॉल अभी नहीं खुलेंगे। साथ ही दिल्ली सरकार ने कंटेनमेंट जोन घोषित किए गए इलाकों में भी कोई गतिविधि शुरू करने की अनुमति नहीं दी है।सीएम अरविंद केजरीवाल ने कैबिनेट सहयोगियों और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ गृह मंत्रालय के आदेश को लेकर बैठक की। बैठक में इस आदेश पर असमंजस दिखा।
अधिकारियों ने शनिवार सुबह ही दिल्ली के कई इलाकों में दुकानें खुल जाने की जानकारी सीएम को दी। इन दुकानों को बाद में पुलिस ने बंद कराया था। सभी सुझावों पर मंथन करने के बाद दिल्ली सरकार ने सुरक्षात्मक प्रावधानों के साथ दुकानों को खोलने का फैसला लिया।
नियम टूटा तो दुकानदार पर होगी कार्रवाई
वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि जो भी दुकानें खुलेंगी, उनमें सामाजिक दूरी के नियम का सख्ती से पालन करना होगा। कहीं भी ढीलापन दिखने पर संबंधित दुकानदार को जिम्मेदार माना जाएगा। ई-कॉमर्स कंपनियां केवल जरूरी चीजें ही बेच सकेंगी। वाइन शॉप, सैलूून समेत ऐसी सभी दुकानें बंद रहेंगी, जहां सामाजिक दूरी का पालन करा पाना संभव नहीं है।
सत्येंद्र ने कहा था, पूरी दिल्ली संक्रमित नहीं
सुबह मंत्री सत्येंद्र जैन ने शनिवार सुबह कहा था कि केंद्रीय गृह मंत्रालय के आदेश की दिल्ली सरकार समीक्षा करेगी। उनका कहना था कि दिल्ली सरकार ने 95 हॉटस्पॉट की पहचान की है। पूरी दिल्ली में संक्रमण नहीं है। इसलिए नए दिशा-निर्देशों के हिसाब से कुछ इलाकों में ढील दी जा सकती है। पिछले सप्ताह सीएम केजरीवाल ने 27 तक छूट न देने की बात कही थी।
डॉ. सरीन की सलाह, 16 मई तक बढ़ाया जाए लॉकडाउन
दिल्ली में कोरोना वायरस से संक्रमण के बढ़ते मामलों के बीच दिल्ली सरकार की टास्क फोर्स ने सलाह दी है कि राजधानी में लॉकडाउन को मई के मध्य तक बढ़ाया जाना चाहिए। इसके बाद ही इस पर नियंत्रण पाया जा सकता है। इस बीच अगर लॉकडाउन के नियमों में नरमी बरती गई तो हालात बदतर हो सकते हैं।
टॉस्क फोर्स के अध्यक्ष डॉ. सरीन का कहना है कि दिल्ली समेत पूरे देश में अभी संक्रमण के मामले बढ़ रहे हैं। इस मामले में दिल्ली के हालात बेहद संवेदनशील है। ऐसे में लॉकडाउन की अवधि 16 मई तक बढ़ाई जानी चाहिए, जिसके बाद वायरस के संक्रमण का खतरा कम होने लगेगा।
लॉक डाउन की नई तारीख पर डॉ. सरीन का कहना है कि दिल्ली में कोरोना वायरस के संक्रमण का पहला मामला तीन मार्च को आया था। चीन से मिले अनुभवों के आधार पर कहा जा सकता है कि दस सप्ताह बाद संक्रमण के मामलों में कमी आई है। इस लिहाज से मई मध्य तक दिल्ली में लॉकडाउन रहना चाहिए।