तो तय हो गया दिल्ली में सरकार पर फैसला!
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दिल्ली में राष्ट्रपति शासन के अभी जारी रहने की संभावना है। उपराज्यपाल नजीब जंग की तरफ से भाजपा को बुलावा देने के लिए भेजी गई फाइल वापस किए जाने की खबर या उससे जुड़े संकेत बताते हैं कि राजनिवास को अभी कुछ कसरत और करनी बाकी है।
माना जा रहा है कि राज्यों के विधानसभा चुनाव परिणाम आने के बाद ही इस पर फैसला होगा। अभी सुप्रीम कोर्ट से सरकार गठन की संभावना तलाशने के लिए कुछ और समय शुक्रवार को मांगा जा सकता है।
सूत्र बताते हैं कि केंद्र सरकार चार राज्यों के विधानसभा चुनाव परिणाम से दिल्ली में सरकार गठन या राष्ट्रपति शासन लागू रखने चुनाव टालने या कराने का कनेक्शन जोड़ रही है। इसी तरह के कुछ संकेत राजनिवास को बृहस्पतिवार को मिले हैं।
राजनिवास को करनी है कुछ कसरत
यह कोई साफ नहीं कर पाया कि उपराज्यपाल ने भाजपा को आमंत्रण देने वाली जो फाइल भेजी थी, वह वापस लौटी है या नहीं? यह जरूर कहा जा रहा है कि अभी एक बार फूल प्रूफ कसरत फिर से उपराज्यपाल नजीब जंग को करने के लिए कहा गया है। इसी का हवाला देकर सुप्रीम कोर्ट से थोड़ा समय और मांगा जाएगा।
सूत्र बताते हैं कि भाजपा की अगुवाई वाली सरकार अभी दिल्ली में सरकार बनाने, चुनाव कराने या राष्ट्रपति शासन जारी रखने के फैसले को थोड़े दिन और टालना चाहती है। स्वच्छ भारत अभियान, आदर्श ग्राम योजना, अनधिकृत कालोनी नियमन जैसे फैसले के बाद भाजपा कदम आगे बढ़ाने के मूड में है।
विधानसभा चुनावों में भाजपा अगर जीत हासिल करती है तो वह आम आदमी पार्टी के साथ मिलकर कुछ दिन के लिए सरकार बनाने के फार्मूले पर विचार कर सकती है जबकि हार की स्थिति में राष्ट्रपति शासन कुछ दिनों के लिए और बढ़ाया जाने के संकेत मिल रहे हैं।