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दिल्ली के सरकारी स्कूलों में टैबलेट पर तैयार होगी रिपोर्ट कार्ड, तैयारियां शुरू
Sun, 15 Sep 2019 12:04 PM IST
Prachi Priyam
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Prachi Priyam
Updated Sun, 15 Sep 2019 12:04 PM IST
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दिल्ली सरकारी स्कूल
- फोटो : Twitter
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दिल्ली के सरकारी स्कूलों में जल्द ही टैबलेट पर बच्चों की रिपोर्ट कार्ड तैयार होगी। दरअसल दिल्ली सरकार परीक्षा के आंकड़ों की रिकॉर्ड प्रक्रिया को डिजिटल करने की योजना बना रही है। इसके लिए उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन से लेकर रिपोर्ट कार्ड बनाने तक की पूरी प्रक्रिया को डिजिटल करने को लेकर शिक्षा निदेशालय को निर्देश दिए हैं। उनका मानना है कि इससे शिक्षकों के समय की भी बचत हो सकेगी।
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उपमुख्यमंत्री ने शिक्षा निदेशालय को निर्देश दिया है कि एक प्लेटफॉर्म बनाया जाए और इसके उपयोग के लिए तुरंत आदेश जारी किए जाएं, ताकि अधिकांश सुविधाएं इस वर्ष के मध्यावधि परीक्षा से ही लागू की जा सकें।
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डिजिटलीकरण करने में मुश्किल इसलिए नहीं होगी, क्योंकि इस साल की शुरुआत में सरकारी स्कूलों के सभी शिक्षकों को सरकार द्वारा टैबलेट खरीदने के लिए 15 हजार रुपये प्रदान किए गए थे। शिक्षकों को डेटा पैक के लिए प्रति माह 200 रुपये का अतिरिक्त भत्ता भी दिया जाता है। वे पहले से ही इस टैबलेट का उपयोग अपनी पाठ योजना और कक्षा शिक्षण, उपस्थिति दर्ज करने और अध्ययन सामग्री को संग्रहीत करने के लिए कर रहे हैं।
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सरकार का मानना है कि दिल्ली के सरकारी स्कूलों में पढ़ाने वाले प्रत्येक विषय के शिक्षक औसतन प्रत्येक वर्ष लगभग 50 घंटे और कक्षा अध्यापक लगभग 310 घंटे हर साल परीक्षा से संबंधित कामों के लिए खर्च करते रहे हैं। इसमें उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन करना, अंकों का मिलान करना, शिक्षक की डायरी, व्यक्तिगत रिपोर्ट कार्ड तैयार करने व अंकों को ऑनलाइन मॉड्यूल पर स्थानांतरित करना शामिल हैं।
ऐसे में अब सरकार परीक्षा के आंकड़ों को रिकॉर्ड करने की प्रक्रिया को डिजिटल करने जा रही है। इसके लिए बीते माह मनीष सिसोदिया ने अपनी टीम को शिक्षकों से बात करके परीक्षा प्रक्रिया को समझने और इसे सरल बनाने के संबंध में जानकारी एकत्र करने को कहा था।