{"_id":"59b68d8d4f1c1bfe7f8b60e2","slug":"delhi-government-inhumane-face-came-in-case-of-five-year-old-girl-rape-case","type":"story","status":"publish","title_hn":"बच्ची के रेप के मामले में दिल्ली सरकार का अमानवीय चेहरा सामने आया : विजेन्द्र गुप्ता","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बच्ची के रेप के मामले में दिल्ली सरकार का अमानवीय चेहरा सामने आया : विजेन्द्र गुप्ता
ब्यूरो/अमर उजाला, नर्ई दिल्ली
Updated Mon, 11 Sep 2017 06:50 PM IST
विज्ञापन
demo pic
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
दिल्ली विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष विजेन्द्र गुप्ता ने गांधी नगर में 5 वर्षीय बच्ची के रेप मामले में दिल्ली सरकार को कटघरे में खड़ा किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस मामले में दिल्ली सरकार का अमानवीय चेहरा सामने आया है। सरकार के गीता कालोनी स्थित बच्चों के चाचा नेहरू बाल चिकित्सालय ने इस मामले में जिस असंवेदनशीलता का परिचय दिया है, सरकार उसे जानबूझकर नजरअंदाज कर रही है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि अस्पताल ने रेप पीड़ित बच्ची के लिए एम्बुलेंस देने के इंकार कर देने और उसे 12 किलोमीटर बाइक पर ले जाने के मामले को दिल्ली सरकार झुठला नहीं सकती है। सरकार सारा दोष स्कूलों पर मड़ रही है। दिल्ली महिला आयोग की अध्यक्ष स्वाति मालीवाल ने भी इसी लाइन पर चलते हुए कहा है कि जो स्कूल नियमों का उल्लंघन करते हैं उनके विरूद्ध सख्त कार्रवाई करनी चाहिए।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि इस मामले के सभी तथ्य सामने लाने के लिए एसडीएम से जांच के अतिरिक्त सतर्कता शाखा भी जांच करें। क्योंकि दिल्ली सरकार अपने अस्पतालों में रेप पीड़ितों के इलाज के लिए निर्धारित दिशानिर्देशों और प्रोटोकोल उल्लंघन को जानबूझकर नजरअंदाज कर रही है। दिल्ली सरकार के अस्पतालों को रेप पीड़ितों और विशेषकर बाल रेप पीड़ितों के प्रति व्यवहार और उपचार के प्रति संवदनशीलता पैदा करे और दोषी डॉक्टरों के विरूद्ध कार्रवाई करे।
विज्ञापन