फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Delhi Fire Licensing Reforms Could Prevented Disaster, Focus Shifts to Accountability and Safety Compliance

Delhi Fire: प्रतिष्ठानों की लाइसेंसिंग व्यवस्था में पहले सुधार हो जाता तो शायद न होता हादसा, हुई थीं 21 मौत

Sat, 06 Jun 2026 03:06 PM IST
Sharukh Khan विनोद डबास, अमर उजाला, नई दिल्ली
विनोद डबास, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Sharukh Khan Updated Sat, 06 Jun 2026 03:06 PM IST
सार

भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (एफएसएसएआई) ने 27 मार्च को खाद्य सुरक्षा एवं मानक नियमों में संशोधन की अधिसूचना जारी की थी, जो एक अप्रैल से लागू हो गई।

विज्ञापन
Delhi Fire Licensing Reforms Could Prevented Disaster, Focus Shifts to Accountability and Safety Compliance
दिल्ली के मालवीय नगर में लगी भीषण आग - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

दिल्ली में होटल, रेस्तरां और अन्य खाद्य प्रतिष्ठानों की लाइसेंसिंग व्यवस्था में पहले सुधार हो जाता तो शायद मालवीय नगर अग्निकांड जैसी घटना नहीं होती। हादसे के बाद खाद्य प्रतिष्ठानों की लाइसेंसिंग व्यवस्था एक बार फिर सवालों के घेरे में आ गई है। 
विज्ञापन


हर बड़े हादसे के बाद यह सवाल उठता है कि आखिर लाइसेंस जारी करते समय सुरक्षा और नियामकीय मानकों की कितनी गंभीरता से जांच होती है। हालांकि खाद्य कारोबारों की निगरानी और लाइसेंसिंग व्यवस्था में खामियों को लेकर केंद्र सरकार पहले ही सतर्क हो चुकी थी। 
विज्ञापन


भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (एफएसएसएआई) ने 27 मार्च को खाद्य सुरक्षा एवं मानक नियमों में संशोधन की अधिसूचना जारी की थी, जो एक अप्रैल से लागू हो गई।  इन बदलावों का उद्देश्य खाद्य कारोबारों की लाइसेंसिंग प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी, जवाबदेह और व्यवस्थित बनाना था। 
विज्ञापन
विज्ञापन

नए नियमों के तहत यह अनिवार्य किया गया कि प्रतिष्ठान पहले एफएसएसएआई से पंजीकरण या लाइसेंस प्राप्त करें, उसके बाद ही अन्य स्थानीय अनुमतियां हासिल कर सकें। इसी क्रम में एमसीडी ने 12 मई को अपनी स्वास्थ्य व्यापार लाइसेंस नीति में संशोधन किया। 

जवाबदेही तय करना आसान होगा
अधिकारियों के अनुसार खाद्य सुरक्षा मानकों के अनुपालन की प्राथमिक जिम्मेदारी अब एफएसएसएआई की होगी, जबकि एमसीडी उसी आधार पर स्वास्थ्य व्यापार लाइसेंस जारी करेगी। इससे अलग-अलग एजेंसियों की दोहराव वाली जांच कम होगी, जिम्मेदारी तय करना आसान होगा और लाइसेंसिंग प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ेगी। एमसीडी भविष्य में इस व्यवस्था को और सरल बनाते हुए एकल खिड़की प्रणाली लागू करने की दिशा में भी काम कर रही है।

संशोधन सभी 97 श्रेणियों पर लागू नहीं हुआ
एमसीडी की स्वास्थ्य व्यापार लाइसेंस व्यवस्था के तहत 97 प्रकार की व्यावसायिक गतिविधियां आती हैं। इनमें होटल, रेस्तरां, गेस्ट हाउस, कॉफी हाउस, बैंक्वेट हॉल, स्वीमिंग पूल और जनस्वास्थ्य से जुड़ी कई गतिविधियां शामिल हैं। हालांकि मई में किया गया संशोधन सभी श्रेणियों पर लागू नहीं हुआ। इसका प्रभाव मुख्य रूप से खाद्य कारोबार से जुड़ी इकाइयों पर पड़ा है। 

 

नई व्यवस्था के दायरे में ये सब
नई व्यवस्था के तहत रेस्तरां, ढाबे, भोजनालय, होटल, कॉफी हाउस, आइसक्रीम पार्लर, बेकरी, मिठाई की दुकानें, कैटरिंग सेवाएं, खाद्य प्रसंस्करण इकाइयां तथा खाद्य पदार्थों के निर्माण, भंडारण, वितरण और बिक्री से जुड़े सभी प्रतिष्ठान आएंगे।
 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed