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स्कूल के बहाने बुआ छोड़ने जा रही थी यतीमखाने
अमर उजाला, गाजियाबाद
Updated Wed, 20 Jan 2016 11:37 PM IST
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ऑपरेशन स्माइल टीम ने बुधवार को सात बच्चियों समेत 28 बच्चों को बरामद किया है, इनमें से 19 बच्चों को मुंबई के शेल्टर होम में मिले। बरामद बच्ची में एक साल से गायब अंजुम शेख (15) भी है।
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वह संत कबीरनगर की है। अंजुम सातवीं तक पढ़ी है। सौतेले पिता ने उसे पढ़ाने से इंकार कर दिया, इससे वह बुआ के पास मुंबई चली गई।
भतीजी की परवरिश से बुआ भी इंकार करने लगी और स्कूल के बहाने उसे यतीमखाने में छोड़ने ले गई थी, जहां से वह भाग गई थी।
बाद में मुंबई पुलिस ने उसे शेल्टर होम भेज दिया, जहां से ऑपरेशन स्माइल की महिला पुलिस टीम ने उसे रिकवर किया है, अब वह मां के पास जाने को तैयार है।
पुलिस लखनऊ में रह रही उसकी मां को तलाश रही है। अभियान के तीसरे फेज में अब तक पुलिस 309 बच्चों को बरामद कर चुकी है।
एसएसपी ने बुधवार को पुलिस लाइंस में बरामद बच्चों को उनके परिजनों के सुपुर्द किया, अन्य बच्चों के परिजनों को जल्द तलाशने का आश्वासन दिया है।
काम की तलाश में मुंबई गया बालक बरामद
जौनपुर के जलालपुर में रहने वाले विकलांग हरेंद्र (15) को ऑपरेशन स्माइल की टीम ने मुंबई से बरामद किया है। उसके माता-पिता की मौत हो चुकी है, भीख मांगकर वह गुजर बसर कर रहा था।
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मुंबई में कोई काम करने के लिए वह जौनपुर से वाराणसी पहुंचा, वहां से ट्रेन में बैठकर मुंबई चला गया था। मुंबई पुलिस ने हरेंद्र को शेल्टर होम में भेज दिया था।
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अब हरेंद्र चाचा के पास जाना चाहता है, पुलिस ने उसे बरामद कर परिजनों को सूचना दी है। हरेंद्र ने कान पकड़कर पुलिसकर्मियों से माफी मांगी और दोबारा घर से न भागने को कहा।
ये भी हुए बरामद
बिजनौर का सिद्धार्थ, रायबरेली का देवेंद्र, मथुरा का समीर, दिल्ली का समीर, वाराणसी का सोनू, बहराइच का तुल्ला, बिहार का सोनू, श्रावस्ती का शिराज, दिल्ली का अब्दुल, हरियाणा का शहदाब, मेरठ का शोएब, बहराइच का रियाजुद्दीन, शाहजहांपुर का वसीम, श्रावस्ती का रामसेवर, गधाराम, रामलाल, प्रतापगढ़ का किशन, बिहार का राशिद, बिहार का किशन पटेल, संत कबीरनगर की सना, इलाहाबाद का शहीन, लखनऊ की मीरा, वाराणसी की शिवानी, उत्तराखंड की शाबिया, बाराबंकी की गुलनाज और चांदनी हैं। बरामद बच्चों की उम्र नौ से 15 साल है।