{"_id":"eefdecd433205ed77a5a6887d594efbe","slug":"ias-tell-himself-arrested-decoy-job","type":"story","status":"publish","title_hn":"खुद को आईएएस बता नौकरी का झांसा देने वाला पकड़ा","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
खुद को आईएएस बता नौकरी का झांसा देने वाला पकड़ा
अमर उजाला, साहिबाबाद
Updated Tue, 03 Jun 2014 12:22 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पेट्रोलियम मंत्रालय में खुद की तैनाती और तमिलनाडु कैडर का आईएएस अफसर बताकर नौकरी लगवाने का झांसा देने वाले ठग को पुलिस ने उसके दो साथियों समेत चौधरी मोड़ से गिरफ्तार किया है।
विज्ञापन
पकड़े गए युवक 100 से अधिक लोगों को मनोरंजन कर विभाग, दिल्ली मेट्रो व अन्य विभागों में नौकरी लगवाने के नाम पर ठग चुके हैं।
एएसपी हेमराज मीणा ने बताया कि विनोद कुमार भारती नामक व्यक्ति ने खुद को 2011 बैच का आईएएस और वर्तमान में पेट्रोलियम मंत्रालय में अधिकारी बताकर गोविंदपुरम निवासी संदीप त्यागी से छह माह पहले तीन लाख 10 हजार रुपये लिए थे।
विज्ञापन
संदीप को मनोरंजन कर विभाग में नौकरी लगवाने का झांसा दिया गया था। करीब छह माह बाद भी नौकरी न लगने पर जब युवक ने संदीप के रुपये नहीं लौटाए तो उसने थाना लिंक रोड में रिपोर्ट दर्ज कराई। संदीप ने रविवार को विनोद को मिलने के लिए गाजियाबाद के चौधरी मोड़ बुलाया, जहां से पुलिस ने उसे दबोच लिया।
विज्ञापन
लोगों को विनोद से मिलवाने वाले जितेंद्र कुमार निवासी लालकुआं और मेट्रो में नौकरी लगवाने वाले मुकेश को भी गिरफ्तार किया गया है। एएसपी ने बताया कि विनोद के पास से करीब 30-35 लोगों की फोटो और लोक सेवा आयोग का फर्जी आईकार्ड, ब्लैंक चेक और कई मंत्रालयों के गेट पास भी बरामद किए गए हैं।
इससे यह प्रतीत हो रहा है कि वह सभी को नौकरी लगवाने के नाम पर ठगता है। पुलिस के अनुसार विनोद दिल्ली, गाजियाबाद, नोएडा, गुड़गांव, के साथ प्रदेश के कई स्थानों से 100 से अधिक लोगों से लाखों रुपये ठग चुका है। विनोद के पास से कई अखबारों की कटिंग भी मिली है जिसमें उसके आईएएस बनने की खबरें छपी हैं।
इन्हीं कटिंग को दिखाकर वह लोगों को प्रभावित करता था। वह खुद को तमिलनाडु में डीएम बताता था, वर्तमान में तैनाती पेट्रोलियम मंत्रालय बताता था।