केंद्रीय मंत्री ने शासन-प्रशासन को बताया मौत का जिम्मेदार, कहा क्यों नहीं दिया इलाज
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इस दुख की घड़ी में पीड़ित परिवार को कितनी भी आर्थिक मदद क्यों ने की जाए व कोई मायने नहीं रखती। भले ही हम सब मिलकर करोड़ों रुपये क्यों न एकत्रित कर लें।
उन्होंने कहा कि असहनीय दर्द की घड़ी में आप सब लोग पीड़ित परिवार के साथ खड़े हैं। दुख इतना गहरा है कि पीड़ित परिवार के साथ मैं भी अधिक देर तक खड़ा भी नहीं रह पाया।
'लोगों ने दिया सामाजिक समरसता का परिचय'
उसकी मां का दर्द मुझसे देखा नहीं गया। एक साल पहले जब घटना घटी थी तब से लेकर अब तक गांव के लोगों ने सामाजिक समरसता का परिचय देकर भाईचारे को बनाए रखा है, इसके लिए ग्रामीणों को धन्यवाद देता हूं।
पिछले साल कहां-कहां से लोग यहां आए थे और अपने विचार रखकर दुख प्रकट कर रहे थे। उस दौरान भी युवा साथियों ने धैर्य का परिचय दिया था और आज तक दे रहे हैं।
इस दौरान विधायक गुड्डू पंडित, भाजपा नेता हरिश्चंद भाटी, श्रीचंद शर्मा, सतेंद्र सिसोदिया, श्रीपाल नागर, सुंदर राणा, संजय राणा आदि भी मौजूद रहे।