अगवा हुई 9 बार, बिकी, कई बार हुआ बलात्कार फिर 10 साल बाद लौटी घर
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नई दिल्ली के खजूरी खास इलाके में जुलाई 2006 में अगवा कर वेश्यावृति के लिए नौ बार बेची गई दस वर्षीय सपना (बदला हुआ नाम) के मामले में उत्तर-पूर्वी जिला पुलिस की एसआईटी ने दो महिलाओं समेत आठ लोगों को गिरफ्तार कर लिया है।
आरोपियों की पहचान रंजू (35), अरुण उर्फ बबली (47), श्याम सुंदर (35), स्वरूप चंद उर्फ स्वरूपा उर्फ पंडित (61), प्रताप सिंह (70), जगशीर सिंह उर्फ जग्गी (33), मक्खन सिंह और बिरेंद्र सिंह उर्फ बिल्लू के रूप में हुई है। पुलिस की मानें तो रंजू और उसके पति श्याम सुंदर ने सपना को अगवा कर बेच दिया था। दिल्ली, हरियाणा और पंजाब में छापेमारी कर सभी आरोपियों को दबोचा गया है।
पुलिस उपायुक्त डॉ. अजीत कुमार सिंगला ने बताया कि 2 जुलाई 2006 को सपना की मां ने बेटी के अगवा होने की शिकायत की थी। इस बीच करीब 10 साल बाद 2 अगस्त को सपना पुलिस के पास पहुंची और उसने अपनी कहानी पुलिस को सुनाई।
रंजू व श्याम ने उसे खजूरी से अगवा कर अंबाला पंजाब ले गए
पीड़िता का कहना था कि रंजू व श्याम ने उसे खजूरी से अगवा कर अंबाला पंजाब ले गए। वहां अलग-अलग नौ बार उसे वेश्यावृति के लिए बेचा गया। बाद में मक्खन सिंह नामक आरोपी ने उसकी पंजाब के संगरूर में अधेड़ भगीरा सिंह नामक शख्स से शादी करा दी।
भगीरा से उसे दो बच्चे हुए। लेकिन भगीरा की मौत के बाद उस पर जुल्म और बढ़ गए। जेठ का लड़का उसे हवस का शिकार बनाने लगा। बाद में उसके दोनों बच्चे छीनकर उसे भगा दिया गया।
इधर, किसी तरह एक डांसर के जरिए पीड़िता दिल्ली पहुंची और पुलिस से शिकायत की। पुलिस ने 164 के बयान लेकर छानबीन के लिए एसआईटी बना दी गई। एसआईटी ने पंजाब और हरियाणा के मंसा, भटिंडा, पटियाला, संगरूर, अंबाला और कुरुक्षेत्र में छापेमारी कर आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर एक महिला व बच्ची को मुक्त कराया। पुलिस ने सपना के जेठ के लड़के बिरेंद्र सिंह उर्फ बिल्लू को भी दबोच लिया। बाकी आरोपियों की तलाश की जा रही है।