दिल्ली में कम हुए कोरोना के सक्रिय मामले, दो सप्ताह में 4.5 प्रतिशत की गिरावट
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राजधानी में कोरोना संक्रमण से हालात बेहतर हो रहे हैं। इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि 3 से 12 जुलाई के बीच दिल्ली के अलावा अन्य सभी राज्यों में कोरोना के सक्रिय मरीजों की संख्या बढ़ी है।
दिल्ली स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक, रविवार तक कुल संक्रमितों की संख्या 1,12,494 थी। इनमें 19155 सक्रिय मरीज हैं, जबकि 3 जुलाई तक 26,504 सक्रिय मरीज थे।
यानी बीते दो सप्ताह में सक्रिय मरीज 4.5 फीसदी कम हुए हैं, जबकि तमिलनाडु, महाराष्ट्र, गुजरात, उत्तर प्रदेश, कर्नाटक और हरियाणा आदि राज्यों में एक्टिव मरीजों की संख्या बढ़ी है। कर्नाटक में बीते एक सप्ताह में सक्रिय मामलों की संख्या दोगुना तक बढ़ी।
औसतन मरीजों का आंकड़ा
राज्य 3 जुलाई 12 जुलाई
दिल्ली 26.3 21.6
तमिलनाडु 41.1 46.7
कर्नाटक 9.4 17.8
महाराष्ट्र 77.3 93.7
गुजरात 7.4 9.5
हरियाणा 4.2 4.6
मध्य प्रदेश 2.7 3.5
आंध्र प्रदेश 8.6 11.4
तेलंगाना 9.2 12.4
उत्तर प्रदेश 6.9 10.4
प.बंगाल 6.1 8.2
राजस्थान 3.3 5.0
नोट : आंकड़े स्वास्थ्य मंत्रालय की साइट से लिए गए हैं और फीसदी में हैं।
फिलहाल स्टेडियम नहीं बनाए जाएंगे आइसोलेशन केंद्र
राजधानी में कोरोना संक्रमण की दर कम हो रही है। इसलिए सरकार ने स्टेडियमों को आइसोलेशन केंद्र बनाने की योजना को टाल दिया है। दिल्ली में पिछले दो दिनों से संक्रमितों की संख्या 2000 से कम आ रही है। जुलाई में यह पहली बार है कि जब लगातार 2000 से कम मामले सामने आए हैं।
दिल्ली सरकार के मुताबिक, होम आइसोलेशन में रह रहे मरीजों की मृत्युदर ऑक्सीमीटर की वजह से कम हुई है। राजधानी में अब तक 89,968 मरीज ठीक हो चुके हैं। रिकवरी दर 80 फीसदी ऊपर हो गई है। दक्षिणी जिले में 10 हजार बेड की क्षमता वाले सरदार पटेल कोविड-19 सेंटर का निर्माण किया गया है।
इसी प्रकार 500 बिस्तर की क्षमता वाले कोविड सेंटर का निर्माण राष्ट्रमंडल खेल गांव में किया गया है। उत्तरी-पश्चिमी जिले में रेलवे कोच को आइसोलेशन वार्ड में तब्दील किया गया है। सरकार का कहना है कि मरीजों की संख्या अब लगातार घट रही है। इसके मुकाबले काफी बेड का इंतजाम है। इसलिए अभी स्टेडियमों को आइसोलेशन केंद्र में तब्दील करने का कोई विचार नहीं है। इसके अलावा सभी जिलाधिकारियों से उनके इलाकों में किए गए कार्यों के विषय में विस्तृत ब्योरा मांगा गया है।