चंद्रमोहन केस: विदेश की गिरफ्तारी से आया नया मोड़
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ग्रेटर नोएडा में कासना पुलिस ने छह माह बाद मंगलवार देर रात विदेश को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने दावा किया है कि विदेश ने अपने जीजा चंद्रमोहन शर्मा को कार में आग लगाने के बाद अपनी बाइक से नॉलेज पार्क होते हुए परीचौक छोड़ा था, जहां से चंद्रमोहन फरार हो गया था।
पुलिस ने विदेश के कब्जे से घटना में प्रयुक्त की गई बाइक को भी बरामद कर लिया है। हालांकि विदेश की गिरफ्तारी के बाद कोई भी पुलिस अधिकारी मीडिया से रूबरू नहीं हुआ और न ही कोई प्रेस नोट जारी किया।
चौंकाने वाली बात ये है कि अब तक पति चंद्रमोहन को कोसने वाली उसकी पत्नी सविता अचानक उसके बचाव में उतरती दिख रही है।
कासना इंस्पेक्टर समरजीत सिंह ने बताया कि बीते एक मई की रात को योजनाबद्ध तरीके से चंद्रमोहन शर्मा (कथित तौर पर आरटीआई कार्यकर्ता) ने अपनी कार में एक अर्ध विक्षिप्त को बैठाकर कार पर पेट्रोल डालकर उसे आग के हवाले कर दिया। इसमें अर्ध विक्षिप्त की मौत हो गई थी।
पुलिस को थी विदेश की तलाश
पुलिस ने कार की पहचान कराई तो पता चला था कि वह चंद्रमोहन की है। चंद्रमोहन की पत्नी सविता शर्मा और उसके साले विदेश ने कार में मृत पाए गए व्यक्ति की शिनाख्त चंद्रमोहन के रूप में की थी। मामले में सविता की तहरीर पर कासना गांव के पांच लोगों को नामजद कराया गया था।
पुलिस अभी मामले की जांच कर ही रही थी कि अचानक चंद्रमोहन के बंगलूरू में होने की सूचना मिली। चार सितंबर को पुलिस ने बंगलूरू से चंद्रमोहन और उसकी प्रेमिका को गिरफ्तार कर लिया।
इसके बाद पुलिस ने सारी घटना का खुलासा कर दिया और हत्या, साक्ष्य छिपाने और साजिश रचने समेत कई गंभीर धाराओं में चंद्रमोहन को गिरफ्तार कर लिया गया। उन्हीं धाराओं में चद्रमोहन की प्रेमिका प्रीति को भी गिरफ्तार कर लिया गया। अब पुलिस को एक और आरोपी विदेश की तलाश थी लेकिन वह फरार था।
पुलिस पर लगाया गंभीर आरोप
थाना प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि मंगलवार रात पुलिस को मुखबिर ने सूचना दी कि विदेश अवध ग्रीन बैक्वेंट हॉल में होने वाली एक शादी में शामिल होने के लिए आ रहा है। कासना पुलिस ने योजनाबद्ध तरीके से उसे गिरफ्तार कर लिया।
इंस्पेक्टर ने बताया कि विदेश ने कबूल किया है कि उसने चंद्रमोहन को घटना के बाद नॉलेज पार्क से परी चौक अपनी बाइक से छोड़ा था। पुलिस ने उस बाइक को भी बरामद कर लिया है। हालांकि विदेश ने सभी आरोपों से इंकार किया है।
षड्यंत्र कर फंसाया चंद्रमोहन और विदेश को
सविता शर्मा ने कहा कि पहले उसके पति चंद्रमोहन को पुलिस ने फंसाया था अब उसके भाई विदेश को फंसा रही है। सविता ने कहा कि निर्दोष लोगों को जेल भेजना सबसे बड़ा अपराध है और इसकी सजा पुलिस अधिकारियों को जरूर मिलेगी।
महिला पुलिसकर्मियों से भिड़ी सविता
पुलिस जब विदेश को अदालत ले जाने की तैयारी में थी तो अचानक सविता कासना कोतवाली पहुंचीं और विदेश से मिलने के लिए मुंशी कार्यालय में घुसने लगी। लेकिन महिला पुलिसकर्मियों ने उन्हें अंदर जाने से रोक दिया।
इसके बाद सविता और महिला पुलिसकर्मियों के बीच जमकर नोकझोंक हुई। सविता ने मीडिया के समक्ष कहा कि विदेश अल्फा-दो स्थित अपने घर पर रहता था।
वह एक मई से आज तक घर छोड़कर नहीं भागा था बल्कि पुलिसकर्मी भी उससे कई बार मिलने गए थे अगर वह दोषी था तो उसे पहले ही गिरफ्तार क्यों नहीं किया गया। हालांकि पुलिस ने सविता के दावे को गलत करार दिया है और कहा कि चंद्रमोहन की गिरफ्तारी के बाद से ही विदेश फरार था।