संसद पहुंची बुलंदशहर गैंगरेप की गूंज, BJP-BSP ने मांगा अखिलेश का इस्तीफा
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बुलंदशहर में हाईवे पर सामूहिक बलात्कार कांड को लेकर भाजपा, सपा और कांग्रेस ने संसद के भीतर और बाहर उत्तर प्रदेश सरकार पर जमकर हमला बोला। भाजपा सांसदों ने मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के इस्तीफे की मांग की।
बसपा ने सूबे की कानून-व्यवस्था को ध्वस्त बताया, कांग्रेस ने लगातार बदतर होती स्थिति पर चिंता जताई। तीनों दलों के सदस्यों ने अखिलेश से इस्तीफे की मांग के साथ ही दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी और सीबीआई जांच की भी मांग की।
बुलंदशहर के सांसद भोला सिंह ने जब प्रदेश की सपा सरकार पर गुंडों और अराजक तत्वों को राजनीतिक संरक्षण देने का आरोप लगाया तो सपा सांसद धर्मेंद्र यादव ने इसका कड़ा प्रतिवाद किया। उन्होंने कहा कि सरकार ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए लापरवाही बरतने वाले पुलिस के अधिकारियों और कर्मियों को निलंबित किया है।
मामले पर सपा और भाजपा सदस्यों में हुई तीखी नोकझोंक
शून्यकाल में इस मामले को उठाते हुए सांसद भोला सिंह ने कहा कि उत्तर प्रदेश में सपा और सरकार की ओर से असामाजिक तत्वों को मिल रहे राजनीतिक संरक्षण के कारण कानून व्यवस्था की स्थिति बदतर हुई है।
बीते चार सालों में दुष्कर्म, हत्या, उत्पीड़न, अपहरण के मामलों ने सारे रिकॉर्ड ध्वस्त कर दिए हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री हालात संभालने में बुरी तरह अक्षम हैं। राजनीतिक संरक्षण के कारण पुलिस प्रशासन अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं करती।
इस दौरान सदन में सपा और भाजपा सदस्यों में तीखी नोकझोंक हुई। भाजपा सांसदों ने सपा सांसदों को खरी-खोटी सुनाई तो सपा सांसदों ने भाजपा पर राजनीति करने का आरोप लगाया।
सपा सांसद धर्मेंद्र यादव ने कहा कि घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस प्रशासन के लापरवाह अधिकारियों, कर्मचारियों को निलंबित किया गया। आरोपियों की तत्काल पहचान कर उनकी खोजबीन शुरू हुई।
बसपा सुप्रीमो मायावती ने संसद परिसर में मीडिया से बुलंदशहर गैंगरेप कांड पर दुख जताया। उन्होंने कहा कि सूबे में कानून का राज नहीं है। कानून व्यवस्था ध्वस्त हैं।
सीएम की कार्रवाई को राज्यपाल ने सराहा
उन्होंने कहा कि अगर अखिलेश यादव से यूपी नहीं चल पा रहा है फिर वह तुरंत इस्तीफा दे दें। कांग्रेस ने भी इस तरह की घटना को प्रदेश सरकार की नाकामी बताया।
उन्होंने कहा कि पार्टी इस मामले को जनता के बीच ले जाएगी। रालोद के राष्ट्रीय महासचिव नेता जयंत चौधरी ने घटना के दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने और पीड़ितों को समुचित उपचार दिलाने की मांग की।
सीएम की कार्रवाई को राज्यपाल ने सराहा
राज्यपाल राम नाईक ने गैंगरेप मामले में मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की कार्रवाई की तारीफ की। साथ ही उन्होंने कहा कि राज्य सरकार को यह सुनिश्चित करना होगा कि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों।
सरकार जल्द से जल्द दोषियों को कड़ी सजा दिलाए, ताकि समाज में संदेश जाए कि इस तरह की घटना करने वाले अपराधी बच नहीं सकते।