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अनुराग ठाकुर और प्रवेश वर्मा के खिलाफ हाईकोर्ट पहुंचीं बृंदा करात
Thu, 08 Oct 2020 05:50 PM IST
विक्रांत चतुर्वेदी
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
Published by: विक्रांत चतुर्वेदी
Updated Thu, 08 Oct 2020 05:50 PM IST
सार
- निचली अदालत ने खारिज कर दी थी नेताओं पर एफआईआर की याचिका
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वृंदा करात
- फोटो : ANI
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विस्तार
शाहीन बाग में सीएए का विरोध करने वालों के खिलाफ कथित नफरत भरे भाषण देने के आरोप में भाजपा के केन्द्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर और सांसद प्रवेश वर्मा पर एफआईआर के लिए सीपीआई (एम) नेता बृंदा करात ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। इस याचिका पर बृहस्पतिवार को सुनवाई हो सकती है।
बृंदा करात तथा केएम तिवारी ने इन नेताओं पर एफआईआर के लिए निचली अदालत में याचिका दायर की थी जिसे खारिज कर दिया गया था। उन्होंने इस फैसले को हाईकोर्ट में चुनौती दी है। पटियाला हाउस अदालत ने इस मामले में एफआईआर का निर्देश देने की मांग वाली याचिका 26 अगस्त को खारिज कर दी थी।
याचिका में बृंदा करात ने आरोप लगाया कि सीएए का विरोध करने वालों के खिलाफ अनुराग ठाकुर, उनके सहयोगी और सांसद प्रवेश वर्मा ने शाहीन बाग प्रदर्शन के दौरान में कथित रूप से नफरत भरे भाषण दिए थे जिससे इलाके में अशांति और हिंसा फैली। इन आरोपों के तहत इन नेताओं पर एफआईआर का निर्देश संसद मार्ग थाने को देने का आग्रह किया था।
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बृंदा करात तथा केएम तिवारी ने इन नेताओं पर एफआईआर के लिए निचली अदालत में याचिका दायर की थी जिसे खारिज कर दिया गया था। उन्होंने इस फैसले को हाईकोर्ट में चुनौती दी है। पटियाला हाउस अदालत ने इस मामले में एफआईआर का निर्देश देने की मांग वाली याचिका 26 अगस्त को खारिज कर दी थी।
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याचिका में बृंदा करात ने आरोप लगाया कि सीएए का विरोध करने वालों के खिलाफ अनुराग ठाकुर, उनके सहयोगी और सांसद प्रवेश वर्मा ने शाहीन बाग प्रदर्शन के दौरान में कथित रूप से नफरत भरे भाषण दिए थे जिससे इलाके में अशांति और हिंसा फैली। इन आरोपों के तहत इन नेताओं पर एफआईआर का निर्देश संसद मार्ग थाने को देने का आग्रह किया था।
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