Delhi: दिल्ली के उपराज्यपाल ने गुटखा-तंबाकू उत्पादों के निर्माण और बिक्री पर प्रतिबंध एक साल और बढ़ाया
उपराज्यपाल ने राजधानी में गुटखे और पान मसाले के निर्माण, भंडारण, बिक्री और वितरण पर लागू प्रतिबंध को एक और साल के लिए विस्तार दे दिया है।
विस्तार
दिल्ली में तेजी से बढ़ रहे मुंह के कैंसर के मामलों को देखते हुए तंबाकू उत्पाद के वितरण और बिक्री पर प्रतिबंध लगा दिया। बृहस्पतिवार को दिल्ली के उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने तंबाकू उत्पादों (गुटखा, पान मसाला) पर प्रतिबंध को एक साल के लिए और बढ़ा दिया है।
इस आदेश के तहत स्वास्थ्य मंत्रालय के खाद्य सुरक्षा और मानक (बिक्री पर निषेध और प्रतिबंध) अधिनियम 2011 के नियम 2.3.4 के अंतर्गत किसी भी खाद्य उत्पादों में सामग्री के रूप में उपयोग किए जाने वाले तंबाकू और निकोटीन युक्त उत्पादों की बिक्री को प्रतिबंधित कर दिया है। उपराज्यपाल ने कहा कि तंबाकू उत्पाद बच्चों और युवाओं को प्रभावित कर रहे हैं और भविष्य की पीढ़ी के लिए इस खतरे को रोका जाना चाहिए। उन्होंने अधिसूचना को सख्ती से लागू करने को कहा है। शहर में प्रवर्तन के प्रति कोई भी ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उपराज्यपाल की मंजूरी के बाद दिल्ली सरकार का खाद्य सुरक्षा विभाग जल्द ही प्रतिबंध को बढ़ाने की अधिसूचना जारी करेगा। यह कदम तंबाकू (सुगंधित या किसी भी नशे के साथ मिश्रित) के उत्पादन, भंडारण, वितरण और बिक्री पर प्रतिबंध लगाएगा जो गुटखा, पान मसाला, सुगंधित तंबाकू, खर्रा के तौर पर इस्तेमाल किए जाते हैं। इन प्रतिबंधित उत्पादों में पैक या अनपैक्ड तंबाकू उत्पाद शामिल हैं और यह खाद्य सुरक्षा और मानक अधिनियम 2006 की धारा 30 की उपधारा (2) के खंड (ए) के तहत अगले एक वर्ष तक लागू रहेंगे।
कोर्ट ने किया था लागू
अप्रैल 2023 में दिल्ली उच्च न्यायालय ने दिल्ली में गुटखा, पान मसाला, सुगंधित तंबाकू और इस तरह के उत्पादों के उत्पादन, भंडारण और बिक्री पर खाद्य सुरक्षा आयुक्त के लगाए गए प्रतिबंध की पुष्टि की थी। न्यायालय ने प्रतिबंध को रद्द करने के उच्च न्यायालय के एकल न्यायाधीश के सितंबर 2022 के फैसले को भी रद्द कर दिया था।