आजादी का अमृत महोत्सव: दिल्ली को तिरंगे से सजाने की तैयारी, 22 जुलाई से 'हर घर तिरंगा' अभियान होगा शुरू
दिल्ली में 22 जुलाई से 'हर घर तिरंगा' अभियान शुरू होगा। राजधानी की प्रमुख सड़कों, बाजारों, फ्लाईओवरों, गोल चक्करों, स्कूलों, सरकारी भवनों और अस्पतालों को राष्ट्रीय तिरंगे के रंग से सजाया जाएगा।
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पिछले रविवार को गृह मंत्री की अध्यक्षता में 'हर घर तिरंगा अभियान' के संबंध में बैठक बुलाई गई थी, जिसमें सभी राज्यपालों, उपराज्यपालों, मुख्यमंत्रियों और केंद्र शासित प्रदेशों के प्रशासकों ने हिस्सा लिया था। इसी संबंध में उपराज्यपाल ने सचिवालय में दिल्ली के मुख्य सचिव, एनडीएमसी अध्यक्ष, एमसीडी के विशेष अधिकारी, डीडीए उपाध्याक्ष और एमसीडी आयुक्त के साथ बैठक कर इस कार्यक्रम को यादगार बनाने के लिए विस्तृत निर्देश जारी किए गए है।
एनडीएमसी और एमसीडी शहर को उत्सवी रूप देंगे
उपराज्यपाल ने एनडीएमसी और एमसीडी को 13 अगस्त से 15 अगस्त तक पूरे शहर को उत्सवी रूप देने के लिए कहा है। इसके लिए सरदार पटेल मार्ग और शांति पथ जैसी प्रमुख सड़कों और अपने-अपने अधिकार क्षेत्र के महत्वपूर्ण बाजारों को तिरंगे से सजाना है। इसी तरह डीडीए अपने स्वामित्व वाले बाजारों में कवायद करेगा। एनडीएमसी क्षेत्र के फ्लाईओवर राष्ट्रीय ध्वज के रंगों से रोशन होंगे और 13 से 15 अगस्त तक नगर निगम के स्कूल, अस्पताल अपने परिसर में प्रमुख स्थान पर राष्ट्रीय ध्वज फहराएंगे।
11 जुलाई से सड़कों पर निकलेगी प्रभात फेरी
शहरी स्थानीय निकायों (यूएलबी) के सभी कर्मचारियों को रैंक और पदनाम की जगह तिरंगा लगाने के लिए कहा गया है। यूएलबी को गोल चक्करों पर राष्ट्रीय ध्वज के रंगों में पुष्प बोर्ड, झंडे और रोशनी लगाने के लिए कहा है। दिल्ली सरकार और एमसीडी के स्कूली बच्चे 11 से 14 अगस्त तक प्रभात फेरी निकालेंगे। उपराज्यपाल ने 22 जुलाई से सभी सरकारी विभागों और उपक्रमों की वेबसाइटों के होम पेज पर राष्ट्रीय ध्वज लगाने के लिए भी निर्देशित किया है।