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DDCA मानहानि मामला: कोर्ट से मिली केजरीवाल को खुशखबरी, खत्म हुआ केस
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Fri, 20 Apr 2018 10:26 AM IST
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arvind kejriwal
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मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल व भाजपा से निलंबित सांसद कीर्ति आजाद को अदालत ने डीडीसीए मानहानि मामले से आरोपमुक्त कर दिया। अदालत ने कहा कि आरोपी ने एक अहम सवाल उठाया था जिसकी पड़ताल होनी चाहिए थी लेकिन उसके बजाय मानहानि की शिकायत दायर की गई। यह शिकायत डीडीसीए के पूर्व उपाध्यक्ष क्रिकेटर चेतन चौहान ने दायर की थी।
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पटियाला हाउस अदालत के एसीएमएम समर विशाल ने अरविंद केजरीवाल व कीर्ति आजाद को आरोपमुक्त करते हुए कहा कि डीडीसीए एक कंपनी है, जिसे क्रिकेट के प्रोत्साहन के लिए बनाया गया था।
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अगर केजरीवाल ने डीडीसीए में अनियमितता का जिक्र किया था तो उसकी पड़ताल होनी चाहिए थी। अदालत ने कहा कि देश में लोकतंत्र है और प्रत्येक नागरिक को सरकार व उसकी संस्थाओं की निष्पक्ष आलोचना करने का अधिकार है। केजरीवाल ने बयान देकर अहम मुद्दा उठाया था। कीर्ति आजाद के खिलाफ कोई मामला नहीं बनता क्योंकि उन्होंने केवल केजरीवाल के बयान का समर्थन किया था।
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अदालत ने अपने फैसले में यह भी कहा चेतन चौहान को इस शिकायत को दायर करने का कोई अधिकार नहीं है क्योंकि संबंधित टीवी इंटरव्यू में उनका नाम नहीं लिया गया बल्कि किसी का भी नाम नहीं लिया गया। इसके मद्देनजर उनका यह आरोप साबित नहीं होता कि उनकी व्यक्तिगत तौर पर मानहानि हुई थी।
अदालत ने यह फैसला केेजरीवाल व कीर्ति आजाद की अर्जियों पर सुनवाई के बाद सुनाया है। इन नेताओं ने अर्जी दायर कर उन्हें आरोपमुक्त करने की मांग की थी। अर्जी का शिकायतकर्ताओं ने कोई विरोध नहीं किया था।
पेश शिकायत में कहा गया था कि केजरीवाल ने एक टीवी इंटरव्यू के दौरान 29 दिसंबर 2015 को कहा था कि क्रिकेट टीम में एक पत्रकार के बेटे के चयन के लिए उसकी मां के समक्ष अनुचित मांग रखी गई थी। केजरीवाल के इस बयान का कीर्ति आजाद ने भी समर्थन किया था।