'जिसे कोई नहीं पूछता, वो भी खा गए कांग्रेसी'
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने हरियाणा नंबर वन के दावे को खारिज कर दिया है। उन्होंने कहा कि हरियाणा सरकार किस मुंह से नंबर वन होने का दावा कर रही है, जबकि प्रदेश बेरोजगारी की दर बढ़ी है। औद्योगिक और कृषि विकास दर तेजी से घट रही है।
शाह ने कहा कि कांग्रेस सरकार ने किसानों की जमीन औने-पौने दामों में बिल्डरों के हवाले कर दी। जो बच गई, उसे दामाद जी के हवाले कर दिया।
मंगलवार को गुड़गांव के बेरी वाले बाग की जनसभा में शाह ने राष्ट्रीय मुद्दों को भुनाने की कोशिश की। उन्होंने सीमा विवाद, आंतरिक सुरक्षा और स्वच्छता अभियान का अपने भाषण में जिक्र किया। उन्होंने कहा कि यूपीए शासन के दौरान प्रधानमंत्री चुप रहते थे और मंत्री मनमानी करते थे। जिस कोयले को कोई नहीं पूछता था, उसे भी कांग्रेसियों ने खा लिया।
मोदी की वाहवाही, कांग्रेस को मारे ताने
अमित शाह ने मोदी सरकार की जनधन योजना का जिक्र करते हुए कहा कि 50 प्रतिशत लोगों का बैंक में खाता नहीं था। कुछ ही दिन में पांच करोड़ लोगों के बैंक में खाते खुल गए।
हरियाणा चुनाव प्रभारी व मध्य प्रदेश सरकार में मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री ओमप्रकाश चौटाला पर नौकरियों तक को बेच देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि हरियाणा की तीन जनसभाओं में पांच हजार से अधिक दूसरी पार्टियों के नेता और कार्यकर्ता भाजपा में शामिल हुए।
रैली के दौरान कुलभूषण भारद्वाज के अलावा कोई बड़ा जिला स्तरीय नेता मौजूद नहीं रहा। पार्टी की राष्ट्रीय सचिव डॉ. सुधा यादव और जिलाध्यक्ष तेजपाल तंवर भी नहीं दिखे।
'ऐसे दबाओ बटन कि करंट इटली तक महसूस हो'
नारनौंद में हुई जनसभा में अमित शाह ने कैप्टन अभिमन्यु को सूबे में बड़ी भूमिका देने का इशारा किया। उन्होंने कहा कि कैप्टन अभिमन्यु को दिल्ली से हरियाणा की जनता की सेवा के लिए भेजा गया है। नारनौंद हलके से कैप्टन को जिताकर चंडीगढ़ भेजें, ताकि वे अपने नेतृत्व में हरियाणा की सेवा कर सकें।
इस दौरान उन्होंने कांग्रेस और इनेलो पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने विश्वास दिलाया कि केंद्र की तरह ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की लहर प्रदेश में भी खूब चलेगी।
उन्होंने इनेलो सुप्रीमो ओमप्रकाश चौटाला के तिहाड़ जेल से शपथ लेने वाले बयान पर पर कटाक्ष करते हुए कहा कि इन लोगों का कानून और संविधान में कोई विश्वास नहीं है। जनता ऐसे लोगों का अहंकार दूर करेगी। भाषण के दौरान उन्होंने फिर दोहराया कि इस बार कमल का बटन इतनी तेज दबाना कि उसका करंट इटली तक महसूस हो।