{"_id":"675f8d3a5ce76e436a0871e6","slug":"amar-ujala-samvad-people-of-balbir-nagar-in-east-delhi-are-troubled-by-contaminated-water-2024-12-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"अमर उजाला संवाद: पहले नलों से आता था साफ पानी, अब हो गए हैं मोहताज; बलबीर नगर के लोगों ने बताईं समस्याएं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अमर उजाला संवाद: पहले नलों से आता था साफ पानी, अब हो गए हैं मोहताज; बलबीर नगर के लोगों ने बताईं समस्याएं
Mon, 16 Dec 2024 07:45 AM IST
अनुज कुमार
संवाद न्यूज एजेंसी, नई दिल्ली
संवाद न्यूज एजेंसी, नई दिल्ली
Published by: अनुज कुमार
Updated Mon, 16 Dec 2024 07:45 AM IST
सार
पूर्वी दिल्ली के शाहदरा स्थित बलबीर नगर में अमर उजाला का संवाद कार्यक्रम हुआ। जहां लोग सबसे ज्यादा पानी की समस्या से परेशान हैं। विधायक, निगम पार्षद या संबंधित विभाग के पदाधिकारी चाहें तो इनसे छुटकारा दिला सकते हैं। शिकायत करने पर समय रहते कार्रवाई तो दूर की बात अधिकारियों की ओर से कोई ठोस जवाब भी नहीं मिलता है।
विज्ञापन
पूर्वी दिल्ली के बलबीर नगर में पहुंचा अमर उजाला संवाद
- फोटो : जी पाल
विस्तार
पूर्वी दिल्ली के बलबीर नगर के लोग दूषित पानी से परेशान हैं। अमर उजाला संवाद में लोगों ने कहा कि नलों में साफ पानी नहीं आता है। आए दिन कभी भूरा, कभी लाल तो कभी हरे रंग का पानी देखने को मिलता है। साफ पानी के वह मोहताज हो गए हैं। बलबीर नगर एक्सटेंशन व ओल्ड बलबीर नगर के लोगों ने बताया कि इलाके में कई और समस्याएं हैं।
विधायक, निगम पार्षद या संबंधित विभाग के पदाधिकारी चाहें तो इनसे छुटकारा दिला सकते हैं। शिकायत करने पर समय रहते कार्रवाई तो दूर की बात अधिकारियों की ओर से कोई ठोस जवाब भी नहीं मिलता है।
स्थानीय निवासियों ने कहा कि यहां की गलियां संकरी हैं, उन पर जहग-जगह गढ्ढे हैं। गलियों से दुपहिया वाहनों का गुजरना मुश्किल है। इससे लोगों को आने-जाने में परेशानी होती है। वहीं, चुनाव नजदीक आते ही पार्टी कार्यकर्ताओं ने बिना इजाजत के जगह-जगह दीवारों पर पोस्टर लगाने शुरू कर दिए हैं।
विज्ञापन
इससे लोगों की दीवारों की सौंदर्यता को नुकसान पहुंच रहा है। लोगों ने बताया कि नाली, साफ-सफाई, कानून-व्यवस्था को लेकर भी प्रशासन गंभीर नहीं है। सड़कों पर अतिक्रमण व अवैध कब्जों ने परेशानी और बढ़ा दी है। फल-सब्जी की रेहड़ी, खाने-पीने के स्टॉल व रिक्शे अव्यवस्थित तरीके से लगे रहते हैं, जिससे जाम लगता है। इससे पैदल चल रहे लोगों को परेशानी होती है। आसपास के पार्क और दुकानों के पास असामाजिक तत्वों का जमावड़ा लगा रहता है।
पार्टी कार्यकर्ता लोगों के घरों की दीवारों पर पोस्टर लगा रहे हैं। इससे दीवार का पेंट खराब हो जाता है। दूषित पानी, कानून व्यवस्था, अतिक्रमण पर भी कोई ध्यान नहीं देता। - विनोद सक्सेना, आरडब्ल्यूए उपाध्यक्ष, बलबीर नगर
यहां महिलाएं सुरक्षित नहीं हैं। प्रशासन बिल्कुल भी सक्रिय नहीं है। हालत इतनी खराब है कि झपटमारी और गाड़ियां चोरी होना आम हो गया है। लोग पार्कों का इस्तेमाल सही ढंग से नहीं करते। -मनोज सक्सेना, स्थानीय निवासी
चुनाव नजदीक हैं, इसलिए गलियों में बड़े-बड़े बोर्ड लगने लगे हैं। गलियां खोदकर उसकी मिट्टी तक नहीं निकालते हैं। नालियों से होने वाली बीमारी, नुकसान व सीलन को हमें झेलना पड़ता है। -प्रमोद माहेश्वरी, आरडब्ल्यूए सदस्य
कुछ पार्क अच्छे हैं, लेकिन कुछ में तो शौचालय ही नहीं है। चंद्र शेखर पार्क का माहौल खराब है। झूले टूटे हुए हैं। ऐसे में बुजुर्ग व बच्चे कहां जाएं। -राजेश कपूर, स्थानीय निवास
सड़कों का चौड़ीकरण हो जाए तो पैदल चलने वालों को बड़ी राहत मिल जाएगी। बाजार से गुजरने वाली सड़क पर अतिक्रमण ने जीना दूभर कर दिया है। -मनोज अग्रवाल, मार्केट एसोसिएशन अध्यक्ष
विज्ञापन
विधायक, निगम पार्षद या संबंधित विभाग के पदाधिकारी चाहें तो इनसे छुटकारा दिला सकते हैं। शिकायत करने पर समय रहते कार्रवाई तो दूर की बात अधिकारियों की ओर से कोई ठोस जवाब भी नहीं मिलता है।
विज्ञापन
स्थानीय निवासियों ने कहा कि यहां की गलियां संकरी हैं, उन पर जहग-जगह गढ्ढे हैं। गलियों से दुपहिया वाहनों का गुजरना मुश्किल है। इससे लोगों को आने-जाने में परेशानी होती है। वहीं, चुनाव नजदीक आते ही पार्टी कार्यकर्ताओं ने बिना इजाजत के जगह-जगह दीवारों पर पोस्टर लगाने शुरू कर दिए हैं।
विज्ञापन
इससे लोगों की दीवारों की सौंदर्यता को नुकसान पहुंच रहा है। लोगों ने बताया कि नाली, साफ-सफाई, कानून-व्यवस्था को लेकर भी प्रशासन गंभीर नहीं है। सड़कों पर अतिक्रमण व अवैध कब्जों ने परेशानी और बढ़ा दी है। फल-सब्जी की रेहड़ी, खाने-पीने के स्टॉल व रिक्शे अव्यवस्थित तरीके से लगे रहते हैं, जिससे जाम लगता है। इससे पैदल चल रहे लोगों को परेशानी होती है। आसपास के पार्क और दुकानों के पास असामाजिक तत्वों का जमावड़ा लगा रहता है।
पार्टी कार्यकर्ता लोगों के घरों की दीवारों पर पोस्टर लगा रहे हैं। इससे दीवार का पेंट खराब हो जाता है। दूषित पानी, कानून व्यवस्था, अतिक्रमण पर भी कोई ध्यान नहीं देता। - विनोद सक्सेना, आरडब्ल्यूए उपाध्यक्ष, बलबीर नगर
यहां महिलाएं सुरक्षित नहीं हैं। प्रशासन बिल्कुल भी सक्रिय नहीं है। हालत इतनी खराब है कि झपटमारी और गाड़ियां चोरी होना आम हो गया है। लोग पार्कों का इस्तेमाल सही ढंग से नहीं करते। -मनोज सक्सेना, स्थानीय निवासी
चुनाव नजदीक हैं, इसलिए गलियों में बड़े-बड़े बोर्ड लगने लगे हैं। गलियां खोदकर उसकी मिट्टी तक नहीं निकालते हैं। नालियों से होने वाली बीमारी, नुकसान व सीलन को हमें झेलना पड़ता है। -प्रमोद माहेश्वरी, आरडब्ल्यूए सदस्य
कुछ पार्क अच्छे हैं, लेकिन कुछ में तो शौचालय ही नहीं है। चंद्र शेखर पार्क का माहौल खराब है। झूले टूटे हुए हैं। ऐसे में बुजुर्ग व बच्चे कहां जाएं। -राजेश कपूर, स्थानीय निवास
सड़कों का चौड़ीकरण हो जाए तो पैदल चलने वालों को बड़ी राहत मिल जाएगी। बाजार से गुजरने वाली सड़क पर अतिक्रमण ने जीना दूभर कर दिया है। -मनोज अग्रवाल, मार्केट एसोसिएशन अध्यक्ष