केजरीवाल का दावा, लौट आए हैं AAP के 'अच्छे दिन'
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दिल्ली में दोबारा चुनाव कराने के लिए हस्ताक्षर अभियान चलाने वाली आम आदमी पार्टी को अपनी मुहिम सार्थक होती दिख रही है। अरविंद केजरीवाल का दावा है कि अगर दिल्ली में आज चुनाव हों तो आप के हिस्से में 47 फीसदी वोट आएंगे।
दरअसल, दिल्ली में चलाए गए हस्ताक्षर अभियान के जरिए आम आदमी पार्टी ने यह पाया कि दिल्ली की अधिकतर जनता दोबारा चुनाव कराने के पक्ष में है।
आम आदमी पार्टी ने अपने सर्वे के आधार पर दावा किया है कि अगर दिल्ली में अभी विधानसभा चुनाव कराए जाएं तो उन्हें पूर्ण बहुमत हासिल होगा और 70 में से 42 सीटें मिल सकती हैं।
सबसे बड़ी बात ये है कि पिछले चुनाव में सबसे आगे रही भाजपा को बड़ा झटका लग सकता है और कांग्रेस का अस्तित्व ही खत्म होता नजर आ रहा है।
भाजपा और कांग्रेस दोनों को झटका
आम आदमी पार्टी की ओर से कराए गए सर्वे में इस बात का दावा किया जा रहा है कि अगर दिल्ली में अभी चुनाव हुए तो भाजपा 26 सीटों पर ही सिमट जाएगी। पिछले चुनाव में भाजपा को 32 सीटें मिली थीं।
वहीं, कांग्रेस का हाल तो और बुरा होने वाला है। सर्वे के मुताबिक, पिछले चुनाव में अपनी 15 सालों की सत्ता गंवाने वाली कांग्रेस को महज 2 सीटें ही मिल रही हैं। पिछले चुनाव में कांग्रेस ने 8 सीटें हासिल की थीं।
पिछले चुनाव में आम आदमी पार्टी ने 28 सीटें हासिल की थीं। हालांकि बाद में एक विधायक विनोद कुमार बिन्नी के पार्टी से बाहर होने बाद अब उनके विधायकों की संख्या 27 ही रह गई है।
आप के सर्वे पर अगर गौर करें तो यह बात काफी चौंकाने वाली है कि दिल्ली में उसे 42 सीटें मिल रही हैं। जबकि 'आप' के विरोधी लगातार यह बात उठाते रहे हैं कि केजरीवाल एक भगोड़ा इंसान है और वह सत्ता में आने के बाद दोबारा भी भाग सकता है।
आरोपों पर केजरीवाल ने दी सफाई
आम आदमी पार्टी ने ये सर्वे दिल्ली के करीब 3500 घरों में किया है। इसके लिए पार्टी के वालंटियर्स ने 15 दिनों तक कड़ी मेहनत की है। पार्टी सूत्रों के मुताबिक दिल्ली की जनता ने उनसे यह सवाल जरूर किया है कि अगर दोबारा सत्ता में आए तो फिर से भागेंगे तो नही?
आप के वालंटियर्स ने हजारों लोगों से मिलकर यह सर्वे किया है। सर्वे के आंकड़े आने के बाद पार्टी और तेजी से चुनाव कराने का दम भरने लगी है। पार्टी में लोकतंत्र न होने और तानाशाही जैसे आरोपों से घिरे केजरीवाल ने एक न्यूज चैनल को दिए इंटरव्यू में सारी बातों को खारिज कर दिया।
उन्होंने कहा कि 'आप' में जितना लोकतंत्र है वह किसी पार्टी में नहीं मिलेगा। केजरीवाल ने कहा कि कुछ गलतियां हुई हैं जिन्हें सुधारने की पूरी कोशिश की जाएगी।