फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Yashpal Arya upset with his own party

अपनी ही पार्टी से रूठे यशपाल आर्य

Mon, 11 Nov 2013 10:54 AM IST
अमर उजाला, देहरादून
अमर उजाला, देहरादून Updated Mon, 11 Nov 2013 10:54 AM IST
विज्ञापन
Yashpal Arya upset with his own party

उत्तराखंड में कांग्रेस के अंदर पार्टी में असंतोष अब और गहरा रहा है। पार्टी के मुखिया और कैबिनेट मंत्री यशपाल आर्य की नाराजगी एक बार फिर से उभर आई है।

विज्ञापन


पढ़ें, केदारनाथ: आपदा के विशेष पैकेज में लगा कट
विज्ञापन


आर्य अपने अंदाज में इसे जता भी चुके हैं और उनको मनाने की कोशिश भी जारी है। दूसरी ओर कांग्रेस कार्यकर्ताओं का लालबत्तियों को लेकर सब्र का बांध भी टूट रहा है। रविवार को पार्टी केप्रदेश सह प्रभारी संजय कपूर के सामने यह मामला खुलकर सामने आया।
विज्ञापन
विज्ञापन


आर्य की उपस्थिति बेहद कम
सूत्रों के मुताबिक राजभवन में शनिवार को आयोजित सम्मान समारोह में आर्य की उपस्थिति बेहद कम रही। आर्य नाममात्र के लिए ही उस कार्यक्रम में शामिल हुए। वे वहां से उठकर चले भी आए और उसके बाद काफी देर तक कांग्रेस भवन में बैठे रहे।

आर्य के पास आपदा प्रबंधन मंत्रालय है पर इस मंत्रालय में आर्य हमेशा बैक सीट पर ही नजर आते हैं। हालात यह हैं कि आपदा से संबंधित तमाम घोषणाएं मुख्यमंत्री के स्तर से होती हैं। उत्तरकाशी की आपदा के दौरान भी आर्य खुलकर न तो कुछ कह पाए थे और न ही कुछ कर पाए।

पढ़ें, मोदी की रैली बनी जीवन-मरण का प्रश्न!


यही हाल केदारनाथ की आपदा के बाद का रहा। ऐसे में आर्य समर्थक इस बात को लेकर नाराजगी जाहिर कर रहे हैं कि एक महत्वपूर्ण मंत्रालय का मंत्री होने के बाद भी उनसे कोई राय नहीं ली जा रही है। रविवार को आर्य की नाराजगी जब खुलकर सामने आई तो आर्य को मनाने की कोशिश भी शुरू हुई।

साकेत ने भी की आर्य को मनाने की कोशिश
शनिवार देर रात को मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा के बेटे साकेत ने करीब एक घंटा आर्य के निवास पर बिताया। रविवार को विकासनगर विधायक नवप्रभात की बेटी के विवाह समारोह में भी मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा अपने साथ आर्य को ले गए।

आर्य की नाराजगी की एक और वजह लालबत्तियां भी हैं। इस मामले को लेकर कार्यकर्ताओं का धीरज अब जवाब दे रहा है। रविवार को टिहरी जिले की चुनाव तैयारी बैठक में पार्टी सह प्रभारी संजय कपूर को भी कार्यकर्ताओं के इस असंतोष का सामना करना पड़ा। सह प्रभारी ने इसे स्वीकार भी किया।

सह प्रभारी के मुताबिक कार्यकर्ताओं ने इस मांग को प्रमुखता से उठाया और वे पार्टी प्रभारी अंबिका सोनी से इस मामले में बात करेंगे। यह भी दीगर है कि कुमाऊं के एक सम्मेलन में अंबिका सोनी ने साफ कह दिया था कि लालबत्तियों पर राज्य सरकार को फैसला लेना है। हाईकमान की ओर से इस मामले में कोई रोक नही है।

फेसबुक पर अपनी राय देने के लिए क्लिक करें---

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed