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यहां हैंडपंप से पानी की जगह आ रही है हवा

Fri, 15 Nov 2013 04:19 PM IST
अमर उजाला, कर्णप्रयाग
अमर उजाला, कर्णप्रयाग Updated Fri, 15 Nov 2013 04:19 PM IST
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water pump not working in karnaprayag

कर्णप्रयाग में आपदा से पहले से ही पेयजल लाइनें क्षतिग्रस्त हैं। ऐसे में सहारा बनने वाले हैंडपंप भी विभागीय लापरवाही की भेंट चढ़े हुए हैं।

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लापरवाही की भेंट चढ़े हैंडपंप
हालात यह है कि ब्लॉक के डेढ़ दर्जन से अधिक हेंडपंप पानी के नाम पर मात्र हवा छोड़ रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है विभाग से लगातार हैंडपंपों को ठीक करने की मांग की जा रही है। लेकिन हालात जस की तस है। जून/जुलाई माह में आई आपदा के चलते ब्लॉक की करीबन 40 से अधिक पेयजल योजनाएं क्षतिग्रस्त हैं।
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कोढ़ पर खाज यह है कि ऐसे में सहारा बनने वाले हैंडपंप भी ठप हो गए हैं। बणगांव निवासी बीरेंद्र मिंगवाल का कहना है कि सिमली के दो हैंडपंप तीन माह से ठप है।

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इसके अलावा बणगांव, केदारूखाल, सुनाली और सिदोली में भी हैंडपंपों महीनों से खराब पड़े हैं। जिन्हें ठीक करने के लिए विभागीय कार्यालयों सहित तहसील दिवसों में शिकायतें की गई लेकिन हालात जस के तस हैं।

नगर में भी कई हैंडपंप ठप
नगर मुख्यालय में भी कई हैंडपंप ठप हैं। नैनीताल हाईवे पर जेके लक्ष्मी लॉज के सामने हो या उमा देवी तिराहा। हैंडपंप पानी नहीं केवल हवा उगल रहे हैं। यहां तक एसडीएम निवास के समीप और जलसंस्थान कार्यालय से महज 50 मीटर दूरी पर भी हैंडपंप महीनों से ठप है। ऐसे विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लाजिमी है।

नहीं है एसडीएम को जानकारी
तहसील प्रशासन ने भी जलसंस्थान की कार्यप्रणाली पर सवाल दागा है। एसडीएम कुश्म चौहान ने कहा कि सुनाली के दो खराब हैंडपंप संज्ञान में आने पर विभागाध्यक्ष से 15 दिनों में खराब हैंडपंपों की रिर्पोट मांगी गई। लेकिन माह बीत गया जानकारी नहीं मिली।

रिर्पोट भेजी गई है
ब्लॉक के ग्रामीण मंडल के करीब 7 खराब हैंडपंपों की रिपोर्ट भेजी गई है। तकनीकी टीम बाहर से मंगानी पड़ती है। जिस कारण इन हेंडपंपों को ठीक करने में समय लग रहा है।
- जेएस बिष्ट अवर अभियंता जलसंस्थान कर्णप्रयाग

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