एक छोटे से गांव के दिव्यम ने क्रिकेट की दुनिया में लगाई ऊंची छलांग, बने कप्तान
घोड़ासिला निवासी प्रयाग सिंह रावत और राजेंद्री रावत के पुत्र दिव्यम बेहतरीन बल्लेबाज है। वह आर्यमान विक्रम बिरला कॉलेज हल्द्वानी में कक्षा 10 में पढ़ते हैं।
बीते दिनों हुए ट्रायल में बेहतरीन प्रदर्शन के आधार पर दिव्यम अंदर-16 क्रिकेट टीम के अंतिम 25 खिलाड़ियों में चुने गए।
लोगों ने गणाईगंगोली में मिठाई बांटी और आतिशबाजी की
बीसीसीआई के चयनकर्ता दिव्यम के खेल से काफी प्रभावित हुए। बेहतरीन खेल के साथ ही नेतृत्व क्षमता के गुण ने दिव्यम को राज्य की पहली अंडर-16 टीम की कप्तान होने का गौरव दिलाया है।
दिव्यम के पिता प्रयाग सिंह रावत राजकीय इंटर कॉलेज पिल्खी (गंगोलीहाट) में प्रधानाचार्य हैं और मां राजेंद्री रावत हल्द्वानी के हिम्मतपुर मल्ला सरकारी जूनियर हाईस्कूल में अध्यापिका हैं।
दिव्यम के अंडर-16 टीम के कप्तान बनने पर लोगों ने गणाईगंगोली में मिठाई बांटी और आतिशबाजी की। विधायक मीना गंगोला ने दिव्यम की उपलब्धि पर खुशी जताई।