Uttarakhand: सरकारी भूमि पर अतिक्रमण हटाने का चलेगा अभियान, सभी जिलों में टास्क फोर्स बनाने के निर्देश
वन भूमि के अलावा अलग-अलग श्रेणी की सरकारी भूमि पर अतिक्रमण की शासन- प्रशासन को लगातार शिकायतें मिल रही हैं।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
एक तरफ सरकार को कई योजनाओं के लिए भूमि तलाशनी पड़ रही है वहीं दूसरी तरफ लोगों ने भूमि पर अवैध कब्जे कर रखे हैं। अब इन कब्जों के खिलाफ सरकार ने कड़ा रुख अख्तियार कर लिया है। शासन अवैध कब्जे हटाने के लिए अब अभियान चलाएगा। इसके लिए सभी जिलों में टास्क फोर्स बनाने के निर्देश दिए हैं।
Uttarakhand: विधानसभा से बर्खास्त कर्मचारी पर टूटा दुखों का पहाड़, नोटिस से सदमे में आए पिता की मौत
टास्क फोर्स को एक महीने के भीतर सरकारी भूमि पर अतिक्रमण का पता लगाकर इसे हटाना है। वन भूमि के अलावा अलग-अलग श्रेणी की सरकारी भूमि पर अतिक्रमण की शासन- प्रशासन को लगातार शिकायतें मिल रही हैं। 22 साल से राज्य की सरकारी भूमि पर अवैध कब्जे कर वहां दुकानें, घर व अन्य व्यावसायिक गतिविधियां संचालित हो रही हैं।
जिला मजिस्ट्रेट की अध्यक्षता में बनाई टास्क फोर्स
अपर मुख्य सचिव गृह राधा रतूड़ी ने जिला मजिस्ट्रेट की अध्यक्षता में टास्क फोर्स बनाने के आदेश जारी किए हैं। छह सदस्यीय टास्क फोर्स में जिले के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक या पुलिस अधीक्षक सदस्य सचिव बनाए गए हैं। उनके अलावा प्रभागीय वन अधिकारी, मुख्य नगर अधिकारी, अधिशासी अभियंता (लोनिवि और सिंचाई) को बतौर सदस्य शामिल किया गया है।
सघन अभियान चलाएगी टास्क फोर्स
आदेश में कहा गया है कि राज्य के कई स्थानों में सरकारी भूमि पर अतिक्रमण के मामले संज्ञान में आए हैं। इससे भविष्य में कानून व्यवस्था की प्रतिकूल स्थिति पैदा होने की संभावना है इसलिए टास्क फोर्स अपने जिलों में सरकारी भूमि से अतिक्रमण की पहचान और उसे हटाने का सघन अभियान चलाएगी। एक महीने इसकी रिपोर्ट शासन को देगी।