फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Uttarakhand Assembly winter session 2022 Question Hour details

उत्तराखंड विधानसभा सत्र: गंग नहर से 665 क्यूसेक पानी देने पर यूपी का अड़ंगा, पढ़ें प्रश्नकाल में क्या उठे सवाल

Tue, 29 Nov 2022 08:44 PM IST
अलका त्यागी अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून Published by: अलका त्यागी Updated Tue, 29 Nov 2022 08:44 PM IST
सार

झबरेड़ा के विधायक वीरेंद्र कुमार ने सदन में सवाल उठाया कि आठ सालों से प्रस्तावित इकबालपुर नहर परियोजना अभी तक क्रियान्वित नहीं हो पाई है। इससे किसानों को सिंचाई के लिए पानी नहीं मिल पा रहा है। 

विज्ञापन
Uttarakhand Assembly winter session 2022 Question Hour details
उत्तराखंड विधानसभा सत्र - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

गंग नहर से 665 क्यूसेक पानी देने पर उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग का अड़ंगा होने से इकबालपुर नहर परियोजना ठप पड़ी है। यूपी सिंचाई विभाग ने फिजिबिलिटी रिपोर्ट में निर्णय लिया कि गंग नहर से उत्तराखंड को पानी देना संभव नहीं है। झबरेड़ा के विधायक वीरेंद्र कुमार ने सदन में सवाल उठाया कि आठ सालों से प्रस्तावित इकबालपुर नहर परियोजना अभी तक क्रियान्वित नहीं हो पाई है। इससे किसानों को सिंचाई के लिए पानी नहीं मिल पा रहा है। 

विज्ञापन


उत्तराखंड विधानसभा सत्र: सीएम की घोषणाओं को वापस लेने के मुद्दे में गरमाया सदन, पढ़ें पहले दिन क्या रहा खास
विज्ञापन


सवाल के जवाब में विभागीय मंत्री सतपाल महाराज ने सदन को अवगत कराया कि प्रस्तावित इकबालपुर नहर परियोजना के तहत गंग नहर से 665 क्यूसेक पानी के लिए उत्तर प्रदेश सरकार से लगातार वार्ता चल रही है। 2019 में दोनों राज्यों के मुख्य सचिवों की संयुक्त बैठक में निर्णय लिया गया था कि दोनों प्रदेश के सिंचाई विभाग की टीम उत्तराखंड को गंग नहर से पानी उपलब्ध कराने के लिए फिजिबिलिटी रिपोर्ट तैयार कर केंद्रीय जल आयोग को प्रस्ताव भेजेगी। उत्तराखंड की ओर से कई बार उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग से पत्राचार किया गया, लेकिन सहमति नहीं दी जा रही है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


Uttarakhand Assembly Session:  पहले दिन सदन में पेश हुए 11 विधेयक और 5440 करोड़ का अनुपूरक बजट

यमुनोत्री धाम में 38 करोड़ से होगा यात्री सुविधाओं का विकास
पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने सदन को अवगत कराया कि चारधामों में पहला धाम यमुनोत्री है। धाम में यात्री सुविधाओं का अभाव होने के कारण केंद्र सरकार ने प्रसाद योजना के तहत 38 करोड़ की राशि जारी की है। विधायक संजय डोभाल के सवाल के जवाब में पर्यटन मंत्री ने कहा कि कार्यदायी संस्था ब्रिडकुल के माध्यम से यमुनोत्री धाम में सोलर स्ट्रीट लाइट, खरसाली मंदिर में फसाड लाइटिंग का काम पूरा किया गया। इसके अलावा पीएफसी भवन, यमुनोत्री व बाढ़ सुरक्षा के कार्य किए जाएंगे। विधायक मुन्ना सिंह चौहान ने सवाल किया कि हर्बटपुर से बड़कोट सड़क को भी चारधाम यात्रा सड़क के अधीन लिया जाएगा। इस पर पर्यटन मंत्री ने परीक्षण कराने का आश्वासन दिया।  

ट्यूलिप गार्डन योजना पर पंतनगर विश्वविद्यालय से लेंगे तकनीकी सलाह
पर्यटन मंत्री ने कहा कि 13 डिस्ट्रिक्ट 13 डेस्टिनेशन योजना के तहत ट्यूलिप गार्डन का पायलट प्रोजेक्ट शुरू किया गया। पिथौरागढ़ जिले के मोस्टामानू और पशुपतिनाथ मंदिर परिसर में ट्यूलिप गार्डन के लिए प्लांटेशन किया गया। इस पर 22.17 लाख रुपये की राशि व्यय की गई। विधायक मयूख महर के सवाल पर पर्यटन मंत्री ने सदन को अवगत कराया कि ट्यूलिप गार्डन के लिए चयनित स्थानों पर पर्यटकों की आवाजाही वर्षभर न होने और ट्यूलिप बीज का उत्पादन स्थानीय स्तर पर न होने के कारण योजना सिरे नहीं चढ़ पाई है। इसके लिए जीबी पंत विश्वविद्यालय से तकनीकी सलाह लेकर डीएम पिथौरागढ़ और सचिव पर्यटन से विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई है। 

दैवीय आपदा से हुई क्षति के लिए अफसर दोषी नहीं
लोक निर्माण मंत्री सतपाल महाराज ने सदन को अवगत कराया कि दैवीय आपदा से हुई क्षति के लिए विभागीय अधिकारी दोषी नहीं है। प्रश्न काल में सदन में विधायक मयूख महर के सवाल पर महाराज ने बताया कि चामी-बुथखोला-मैैथाना सड़क मार्ग पर स्पान पुलिया का निर्माण किया गया है। बरसात के मौसम में पुलिया के अंदर कचरे फंसने से पानी ओवर फ्लो होता है। पुलिया से नीचे की तरफ फसलों को आंशिक क्षति पहुंची है, लेकिन किसानों की ओर से मुआवजे की मांग नहीं की गई है। 

आवासीय सोसायटी में व्यावसायिक गतिविधियों की डीएम करेंगे जांच
हरिद्वार जिले के पिरान कलियर में आरोग्यम सोसायटी में होमस्टे बनाकर व्यावसायिक गतिविधियां संचालित करने की जिलाधिकारियों के माध्यम से जांच की जाएगी। विधायक फुरकान अहमद के सवाल पर पर्यटन मंत्री ने सदन में बताया कि आरोग्यम सोसायटी का हरिद्वार-रुड़की विकास प्राधिकरण की ओर से नक्शा पास है। इसके आधार पर पर्यटन एवं यात्रा व्यवसाय नियमावली के तहत सोसायटी में एस-1 व एस-2 ब्लॉक को पर्यटक आवासीय सुविधा के लिए होम स्टे में पंजीकरण किया गया। इस मामले की जांच के लिए जिलाधिकारी हरिद्वार को निर्देशित किया जाएगा।

सदन में अपनों के सवालों में घिरे वन मंत्री 
शीतकालीन सत्र के पहले दिन प्रश्न काल के दौरान सदन में अपनों के सवालों में वन मंत्री घिर गए। विपक्ष की ओर से उठाए गए सवालों पर सत्ता पक्ष के विधायकों ने अनुपूरक प्रश्न कर मंत्री से जवाब मांगा। 
प्रश्न काल में कांग्रेस विधायक अनुपमा रावत और निर्दलीय विधायक संजय डोभाल ने वन गुर्जरों का मामला सदन में उठाया। वन मंत्री सुबोध उनियाल विपक्ष के सवालों का जवाब दे रहे थे। इसी दौरान भाजपा विधायक मुन्ना सिंह चौहान ने अनुपूरक प्रश्न किया कि परमिट पर वन गुर्जर रात को वनों में ठहर सकते हैं और क्या यह कानूनी रूप से वैध है। इस पर वन मंत्री ने कहा कि उनका प्रश्न मूल सवाल से अलग है। 

इसके बाद भाजपा विधायक प्रीतम सिंह पंवार ने गढ़वाली, कुमाऊंनी, जौनसारी बोली के संवर्धन का सवाल उठाया। इस पर मंत्री सुबोध उनियाल ने सदन को अवगत कराया कि उत्तराखंड लोक भाषा एवं बोली अकादमी की स्थापना की गई है। भाजपा विधायक विनोद चमोली ने भी सवाल किया, स्थानीय बोलियों को आठवीं अनुसूची में शामिल करने के लिए सरकार क्या प्रयास कर रही है और सरकार ने केंद्र को प्रस्ताव भेजा है। वहीं, विधायक मुन्ना चौहान ने उत्तराखंड की बोलियों को स्कूली पाठ्यक्रम में शामिल करने का सवाल उठाया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed