फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   The 61st three-day annual convention started from Friday

फिजियोथेरेपिस्ट के पद सीएचसी लेवल पर भी सृजित किए जाएंगे : डॉ. विनीता शाह

Sat, 09 Mar 2024 01:36 AM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Sat, 09 Mar 2024 01:36 AM IST
विज्ञापन
The 61st three-day annual convention started from Friday
I- द इंडियन एसोसिएशन ऑफ फिजियोथेरेपिस्ट का 61वां तीन दिवसीय वार्षिक अधिवेशन
विज्ञापन

I

I
I

I-कार्यक्रम में देश विदेश से आए फिजियोथेरेपिस्ट ने भाग लियाI

द इंडियन एसोसिएशन ऑफ फिजियोथेरेपिस्ट का 61वां तीन दिवसीय वार्षिक अधिवेशन शुक्रवार से हिमालयन कल्चरल सेंटर नींबूवाला में शुरू हो गया। कार्यक्रम में देश विदेश से आए फिजियोथेरेपिस्ट ने भाग लिया। इस दौरान कई स्टॉल भी लगाए गए। इसमें फिजियोथेरेपी के उपकरण समेत कुछ किताबें भी उपलब्ध थीं। अधिवेशन का शुभारंभ चिकित्सा शिक्षा निदेशक डॉ. आशुतोष सयाना और स्वास्थ्य महानिदेशक डॉ. विनीता शाह ने किया।



डॉ. विनीता शाह ने कहा कि फिजियोथेरेपिस्ट के पद सीएचसी लेवल पर भी सृजित किए जाएंगे, ताकि आने वाले समय में दूरस्थ क्षेत्रों के लोगों को भी फिजियोथेरेपी का लाभ कम दरों पर मिल सके। वहीं, चिकित्सा शिक्षा निदेेशक डॉ. आशुतोष सयाना ने कहा कि इन दिनों लोगों की लाइफ स्टाइल में बदलाव की वजह से कई तरह की समस्याएं होती हैं। लाइफ स्टाइल में बदलाव की वजह से बैक पेन और सर्वाइकल पेन के मरीज बढ़ते जा रहे हैं। इस वजह से फिजियोथेरेपी की मांग बढ़ती जा रही है, जबकि पहले फिजियोथेरेपी की मांग कम रहती है।
विज्ञापन








Iहमें छोटे बच्चों की स्क्रीनिंग करनी होगीI

द इंडियन एसोसिएशन ऑफ फिजियोथेरेपिस्ट के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. संजीव झा ने बताया कि यह 61वां अधिवेशन है। इससे पहले 60वां अधिवेशन अहमदाबाद में हुआ था। इस दौरान पीएम मोदी ने द इंडियन एसोसिएशन ऑफ फिजियोथेरेपिस्ट को शुभकामनाएं दी थीं। पीएम मोदी ने वर्चुअल माध्यम से अपना संदेश भेजा था। इस दौरान पीएम मोदी ने फिट इंडिया मूवमेंट को आगे बढ़ाने की बात की थी। इसका असर यह है कि आज इस अधिवेशन में फिट इंडिया मूवमेंट के चार स्टैंडी लगाकर जागरूकता संदेश दिया गया है। इसमें फिट इंडिया मूवमेंट के बारे में लिखा गया है। डॉ. संजीव कहते हैं कि आज की आधुनिक जीवन शैली में फिजियोथेरेपी का महत्व बढ़ गया है। अगर सभी व्यक्ति अपनी सेहत के प्रति जागरूक रहे तो हमारा देश बीमार नहीं होगा। इसके लिए हमें छोटे बच्चों की स्क्रीनिंग करनी होगी। उन्हें उठने बैठने, चलने आदि के तरीके बताने होंगे। इन सभी में फिजियोथेरेपिस्ट का अहम रोल है।
विज्ञापन
विज्ञापन








Iपहले दिन 78 शोध पत्र प्रस्तुत हुएI

द इंडियन एसोसिएशन ऑफ फिजियोथेरेपिस्ट के मीडिया प्रभारी व दून मेडिकल कॉलेज में कार्यरत डॉ. राजेश मौर्या ने बताया कि कार्यक्रम के पहले दिन वूमेंस हेल्थ पर भी व्याख्यान हुए। इसमें महिलाओं की बीमारी को फिजियोथेरेपी के माध्यम से कम करने के बारे में बताया गया। प्रांतीय भौतिक चिकित्सा (फिजियोथेरेपी) सेवा संघ के प्रदेश अध्यक्ष जिला चिकित्सालय में डॉ. आलोक त्यागी ने बताया कि तीन दिवसीय अधिवेशन में 200 शोधपत्र प्रस्तुत किए जाएंगे। अधिवेशन के पहले दिन 78 शोध पत्र प्रस्तुत किए गए। डॉ. विनीता शाह ने डॉ. आलोक के कार्यों की तारीफ भी की।






Iहड्डी खिसक जाए या नस दब जाए तो फिजियोथेरेपी देती राहतI

डॉ. संजीव झा ने बताया कि किसी भी बीमारी का इलाज दो तरह से होता है। इसमें किसी बीमारी में सूजन या कट लग जाता है तो इसमें केमिकल युक्त दवाओं से ही इलाज किया जाता है। वहीं, कोई ऐसी बीमारी होती है जिसमें किसी जगह पर दर्द होता है, कोई हड्डी अपनी जगह से खिसक गई हो या कोई नस दब गई हो तो इसमें फिजियोथेरेपी से बेहतर इलाज होता है। इसमें केमिकल युक्त दवाएं काम नहीं करती हैं। अगर दवाएं दी जाएं तो इन दवाओं का असर देर से होता है और साइडइफेक्ट भी होते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed