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...तो डायनासोर की तरह विलुप्त हो जाएगी गंगा : डॉ.जोशी

Wed, 01 Nov 2017 08:44 PM IST
ब्यूरोअमर उजाला, देहरादून
ब्यूरोअमर उजाला, देहरादून Updated Wed, 01 Nov 2017 08:44 PM IST
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sparsh Ganga campaign website launched in uttarakhand

स्पर्श गंगा अभियान की वेबसाइट के साथ बुधवार को मैगजीन भी लांच कर दी गई। पर्यावरणविद् पद्मश्री डॉ.अनिल जोशी ने वेबसाइट लांच करते हुए गंगा के अस्तित्व को बचाने का आह्वान किया।

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उन्होंने कहा कि गंगा सबकी है, गंगा इतिहास ही नहीं भविष्य भी है। उसे बचाने के लिए सबकी भागीदारी होनी चाहिए। डॉ.जोशी ने चेताया कि गंगा की अविरल धारा सिकुड़ रही है। जब वो नहीं रहेगी तो हम भी नहीं रहेंगे। अगर हम समय रहते नहीं जागे तो गंगा का वजूद डायनासोर की तरह विलुप्त हो जाएगा।
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पद्मश्री डॉ.अनिल जोशी ने कहा कि चाणक्य ने कलयुग में भगवान विष्णु, गंगा और ग्राम देवता के विलुप्त होने की पहले ही घोषणा कर दी थी। कलयुग के पांच हजार साल पूरे होने के साथ गंगा की अविरल धारा सिकुड़ने लगी है।
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उन्होंने कहा कि सवाल सिर्फ गंगा का नहीं बल्कि हर नदी, नाले और गदेरे के अस्तित्व का है। इन्हीं से हमारी सभ्यता और संस्कृति पनपी है। देशभर में 265 से अधिक नदियां गायब हो गई हैं, इसके जिम्मेदार हम सभी हैं।

डॉ.जोशी ने आह्वान किया कि गंगा को बचाने के लिए जन आंदोलन की जरूरत है। इसमें सभी की भागीदारी चाहिए। वेबसाइट को उन्होंने सार्थक बताया। कहा कि आज की पीढ़ी को गंगा से जोड़ने के लिए वेबसाइट सबसे कारगर जरिया बनेगा।

नमामि गंगे का पार्टनर बनेगा स्पर्श गंगा अभियान

sparsh Ganga campaign website launched in uttarakhand

स्पर्श गंगा अभियान के संयोजक एवं संस्थापक पूर्व मुख्यमंत्री एवं हरिद्वार सांसद डॉ.रमेश पोखरियाल निशंक ने गंगा को साफ सुथरा बनाने की सबसे पहली जिम्मेदारी हमारी है। गंगा का उद्गम देवभूमि है। गंगा को बचाने के लिए उसमें समाहित होने वालीं सभी नदियों, नालों और गदेरों को साफ करना होगा।

उन्होंने अभियान से जुड़े गंगा सेवकों और अतिथियों का आभार जताते हुए कहा कि 10 लाख लोगों को इस अभियान से जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है। पूर्व मुख्यमंत्री डॉ.पोखरियाल ने कहा कि मां गंगा से भारत ही नहीं दुनिया के लोगों की आस्था जुड़ी है।

2010 के कुंभ में एक करोड़ 66 लाख लोगों ने हरिद्वार पहुंचकर गंगा को स्पर्श किया, इनमें दुनिया के 150 देशों के लोग थे। उन्होंने कहा कि यह दुनिया के इतिहास में एकमात्र ऐसा मेला था, जहां एक ही जगह पर इतने लोगों की भीड़ एकत्र हुई थी।

इस दौरान भाजपा प्रदेश प्रवक्ता ओम प्रकाश, कथक नृत्यांगना आरुषि पोखरियाल, उमेश अग्रवाल, सुशील पालीवाल, सांसद प्रतिनिधि महेश पांडे, संजय बहुगुणा समेत कई लोग मौजूद थे।

नमामि गंगे का पार्टनर बनेगा स्पर्श गंगा अभियान
पूर्व मुख्यमंत्री डॉ.रमेश पोखरियाल ने कहा कि स्पर्श गंगा अभियान से केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार का नमामि गंगे कार्यक्रम सार्थक हो रहा है। नमामि गंगे कार्यक्रम की शुरुआत 2014 में मोदी सरकार के आने के बाद हुई है। जबकि स्पर्श गंगा अभियान 2009 से चल रहा है। सांसद निशंक ने कहा कि स्पर्श गंगा अभियान से केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी बेहद प्रभावित हुए और उन्होंने कहा कि स्पर्श गंगा अभियान भविष्य में नमामि गंगे का पार्टनर होगा।

यह है वेबसाइट : www.sparshganga.org
 

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