Rishi Kapoor Death: 'नमस्ते लंदन' की शूटिंग के लिए अंतिम बार हरिद्वार आए थे ऋषि कपूर
- हरकी पैड़ी पर गंगा आरती में कैटरीना कैफ के साथ हुए थे शामिल
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बॉलीवुड के लोकप्रिय अभिनेताओं में शुमार ऋषि कपूर उर्फ चिंटू कई बार हरिद्वार आए। वे कभी किसी परिजन की अस्थियां लेकर यहां विसर्जन कराने आए तो कभी फिल्म की शूटिंग के लिए। वर्ष 2007 में वे अक्षय कुमार और कैटरीना कैफ से साथ बनी फिल्म 'नमस्ते लंदन' की शूटिंग के लिए अंतिम बार हरिद्वार आए थे।
नमस्ते लंदन में एक दृश्य ऐसा दर्शाया गया है, जिसमें विदेश में रह रही अपनी बेटी कैटरीना कैफ को भारतीय संस्कृति के दर्शन कराने के लिए ऋषि कपूर भारत के विभिन्न शहरों में घुमाते हैं। इस दृश्य के लिए हरिद्वार को भी चुना गया था।
वर्ष 2007 में गर्मियों में ऋषि कपूर कैटरीना कैफ के साथ हरिद्वार पहुंचे थे और हरकी पैड़ी पर गंगा की आरती में शामिल हुए। गंगा के प्रति अगाध आस्था रखने वाले ऋषि कपूर ने यहां पूजा अर्चना भी की थी। इन्हें देखने के लिए हरकी पैड़ी पर लोगों का हुजूम उमड़ पड़ा था।
गंगा के प्रति ऋषि कपूर की आस्था देखकर वे आश्चर्य चकित रह गए थे
वर्ष 2005 में अपने रिश्तेदार एस्कॉर्ट ग्रुप के मालिक का निधन होने पर उस समय भी ऋषि कपूर परिवार के साथ हरिद्वार आए थे। उस समय कनखल स्थित सतीघाट पर अस्थियों का विसर्जन किया गया था।
तब उनकी आवभगत करने वाले नगरपालिका हरिद्वार के पूर्व अध्यक्ष प्रदीप चौधरी ने बताया कि गंगा के प्रति ऋषि कपूर की आस्था देखकर वे आश्चर्य चकित रह गए थे। उन्होंने कई बार गंगाजल से आचमन किया था।
कपूर परिवार के पुरोहित भी दुखी
ऋषि कपूर के निधन से हरिद्वार में उनके पुरोहित भी दुखी हैं। उनकी बहियों में कपूर खानदान का पूरा इतिहास छिपा हुआ है। पृथ्वीराज कपूर से शशि कपूर तक सभी लोगों की अस्थियां गंगा में विसर्जन के लिए हरिद्वार लाई गई थी। पृथ्वीराज कूपर अब पाकिस्तान में रह गए पेशावर के मूल निवासी थे।
इस खानदान के पुरोहित प्रशांत और निशांत पालीवाल बताते हैं कि राज कपूर को हरिद्वार से बहुत प्रेम था। इसीलिए उन्होंने 'जिस देश में गंगा बहती है' सहित अपनी अनेक फिल्मों में हरिद्वार और ऋषिकेश शहरों के साथ गंगा को भी फिल्माया। इन लोगों ने बताया कि पिता पृथ्वीराज कपूर की अस्थियां लेकर राज कपूर स्वयं हरिद्वार आए थे।
शम्मी और शशि कपूर की अस्थियां भी हरिद्वार में प्रवाहित हुईं
इसी प्रकार राज कपूर के बाद में शम्मी कपूर और शशि कपूर की अस्थियां भी हरिद्वार में प्रवाहित हुईं। कपूर परिवार ने अपने पुरोहित पंडित शिव कुमार पालीवाल से सब कर्मकांड सम्पन्न कराया।
अब पंडित शिव कुमार के पुत्र प्रशांत और निशांत इन बहियों की देखरेख करते हैं। प्रशांत ने बताया कि कपूर खानदान का पूरा इतिहास उनकी बही में दर्ज है। जब अस्थियां लेकर आते हैं तो बही में हस्ताक्षर भी कराए जाते हैं।