शुक्रवार को देहरादून में रहेगा चक्काजाम, नहीं चलेंगी प्राईवेट बसें
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डग्गामारी के विरोध में आज जिले की निजी बसों का चक्काजाम रहेगा। आरटीओ में तीन दिन से धरना दे रहे सिटी बस महासंघ के बस संचालकों को जिले की कई बस एसोसिएशनों ने अपना समर्थन दिया।
महासंघ का दावा है कि आज शुक्रवार को जिले में कई रूटों पर करीब तीन सौ निजी बसों का संचालन ठप रहेगा। वहीं, आरटीओ में बसें खड़ी होने से कार्यालय में कामकाज प्रभावित हुआ और शहर में यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
सिटी बस महासंघ के अध्यक्ष विजय वर्धन डंडरियाल के मुताबिक देहरादून- विकासनगर - डाकपत्थर मोटर्स एसोसिएशन, देहरादून - कालसी - कुल्हाल मोटर्स एसोसिएशन, देहरादून- धर्मावाला माजरा मोटर्स एसोसिएशन समेत कई एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने उन्हें अपना समर्थन दिया है। सभी के साथ बृहस्पतिवार रात 12 बजे के बाद सभी बसाें का संचालन ठप कर करने पर सहमति बनी।
बस संचालकों की हड़ताल गलत: आरटीओ
आरटीओ सुधांशु गर्ग का कहना है कि सिटी बस संचालकों की हड़ताल पूरी तरह गलत है। वो डग्गामारी के खिलाफ कार्रवाई की बात कर रहे है, लगातार कार्रवाई की जा रही है। विक्रम संचालकों को संरक्षण का आरोप निराधार है। विक्रमों के खिलाफ भी लगातार कार्रवाई जारी है।
आरटीओ- एआरटीओ से नहीं करेंगे बात
सिटी बस महासंघ अध्यक्ष विजय वर्धन डंडरियाल ने कहा कि डग्गामारी और विक्रमों के अवैध संचालन पर रोक नहीं लगने तक आंदोलन जारी रहेगा। इस संबंध में वो आरटीओ, एआरटीओ से वार्ता नहीं करेंगे। परिवहन सचिव और आयुक्त स्तर पर ही वार्ता की जाएगी।
हड़ताल से विक्रम-ऑटो संचालकों की चांदी
सिटी बस संचालकों की हड़ताल से जहां आम शहरी को आवाजाही में दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। वहीं विक्रम और ऑटो संचालकों की आय दोगुनी हो गई। क्योंकि अधिकांश सवारियों को इन्हीं वाहनों में सफर करना पड़ रहा हैं।
आरटीओ में चढ़ी भट्टी
सिटी बस संचालकों ने आरटीओ कार्यालय के बाहर ही भट्टी चढ़ाकर खाना पकाया। धरने पर बैठे सभी चालकों, परिचालकों को मौके ही खाना परोसा गया। वहीं कई बस चालकों, परिचालकों ने मैकेनिक बुलाकर धरनास्थल पर ही बसों की सर्विस भी करा रहे हैं।