निठारी कांडः अधूरी रह गई कोली की मां की हसरत
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निठारी कांड में फांसी से पहले बेटे सुरेंद्र कोली से मिलने की मां कुंती देवी की हसरत पूरी नहीं हो सकी।
निठारी कांड में फांसी की सजा का इंतजार कर रहे सुरेंद्र कोली की मां कुंती को मेरठ ले जाकर बेटे से मिलाने के लिए समाजसेवी राष्ट्रीय लोक दल यूपी के महासचिव संजय कश्यप सोमवार को मंगरुखाल पहुंचे तो मगर प्रधान समेत कोई भी ग्रामीण कुंती देवी को लेकर संजय के साथ मेरठ जाने को तैयार नहीं हुआ।
इससे निराश संजय भी मंगलवार को वापस मुजफ्फरनगर लौट गए। मुजफ्फरनगर निवासी संजय कश्यप सोमवार को एक अन्य साथी के साथ मंगरुखाल पहुंचे थे। वह निठारी कांड में फांसी की सजा दिए जाने से पहले कुंती देवी की मुलाकात बेटे सुरेंद्र से करवाना चाहते थे।
मुलाकात नहीं करवा पाने का मलाल
संजय कश्यप और उनका साथी रात में गांव में ही रुके। उन्होंने ग्राम प्रधान से स्वयं अथवा किसी अन्य ग्रामीण को कुंती देवी के साथ मेरठ चलने का आग्रह किया, ताकि जेल में सुरेंद्र से मां कुंती देवी की मुलाकात हो सके, लेकिन उनके साथ मेरठ चलने के लिए प्रधान आनंद राम समेत कोई भी ग्रामीण तैयार नहीं हुआ।
संजय कश्यप ने बताया कि वह फांसी पर लटकाने से पहले सुरेंद्र से मां की मुलाकात करवाना चाहते थे, लेकिन कोई भी ग्रामीण के कुंती के साथ चलने को तैयार नहीं है।
मां बेटे की मुलाकात नहीं करवा पाने का उन्हें मलाल रहेगा। इससे पहले कुंती ने सुरेंद्र कोली के डेथ वारंट पर साइन करने से मना कर दिया था। वह चाहती है कि फांसी से पहले वह एक बार अपने बेटे से मिले।