खुल गया 'मोटू-पतलू' के आतंक का राज, किए हैं ऐसे कारनामे कि पढ़कर नहीं कर पाएंगे भरोसा
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‘मोटू-पतलू’ के इन कारनामों पर आपको भरोसा नहीं होगा। मई 2018 में कांवली रोड पर और राजेंद्र नगर में हुई लूट और ठगी की घटनाओं के बाद एक मोटे और एक पतले व्यक्ति की तस्वीरें सीसीटीवी में कैद हुईं थी। बुधवार को गिरफ्तार फिजा नाम की इस महिला से पूछताछ में पता चला है कि ये ‘मोटू-पतलू’ ही उसके साथी हैं।
इनमें एक उसका पति और एक भाई है। इनके बारे में फिजा से तमाम तरीकों से पुलिस ने पूछताछ की, मगर उसने उनका लखनऊ या किसी अन्य ठिकाने के बारे में नहीं बताया। दरअसल, घटना के बाद से ‘मोटू-पतलू’ की तलाश में पुलिस ने दिल्ली और आसपास के इलाकों में बेहद छानबीन की थी।
दो बार दिल्ली में इनके कई संभावित ठिकानों पर छापेमारी भी की, मगर पुलिस के हाथ खाली ही रहे। अब कहीं आठ माह बाद जाकर इन दोनों का पर्दाफाश हुआ है। हालांकि, ठिकानों का पता पुलिस अब भी नहीं लगा सकी है।
महिला ही लगाती थी गहनों को ठिकाने
बस इतना पता चला है कि इन दोनों शख्सों में से पतला व्यक्ति फिजा का भाई है और मोटा व्यक्ति अली सफराज यानी उसका पति है। एसपी सिटी श्वेता चौबे ने बताया कि महिला से काफी पूछताछ की गई, मगर उसने उनके ठिकाने के बारे में कोई जानकारी नहीं दी है। पुलिस लगातार इनकी तलाश में जुटी हुई है। जल्द ही इनके असल पते पर कुर्की या अगली कार्रवाई की तैयारी भी की जाएगी।
वहीं, लूटे और ठगे गए गहनों को ठिकाने लगाने यानी बेचने की जिम्मेदारी फिजा के ऊपर ही थी। यह अपने कुछ और साथियों को लेकर सर्राफ की दुकानों पर जाती थी और ये अपने गहने बताकर बेचती थी। महिला सभी गहनों को एक साथ न बेचकर किस्तों में बेचती थी, ताकि उस पर कोई शक न कर सके।